2 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

वारंटी में होने के बाद भी नहीं सुधारी खराबी अब मोबाईल कंपनी को देना होगा इतना हर्जाना

उपभोक्ता फोरम द्वारा सैमसंग कंपनी को नया मोबाइल या उसकी कीमत वापस करने का फरमान सुनाया

2 min read
Google source verification
Janjgir-Champa,janjgir champa industries,

उपभोक्ता फोरम द्वारा सैमसंग कंपनी को नया मोबाइल या उसकी कीमत वापस करने का फरमान सुनाया

जांजगीर-चांपा. नए मोबाइल में 15 दिनों के बाद खराबी होने और उसे सुधार कर नहीं देने के मामले में उपभोक्ता फोरम द्वारा सैमसंग कंपनी को नया मोबाइल या उसकी कीमत वापस करने का फरमान सुनाया है। साथ ही वाद व्यय के साथ मानसिक क्षतिपूर्ति भी देने का आदेश दिया है।


जांजगीर भगत चौक पुरानी बस्ती निवासी जयकुमार पिता सीताराम राठौर ने कचहरी चौक स्थित एक दुकान से सैमसंग कंपनी का जे-2 माडल का मोबाइल 29 सितंबर 2017 को खरीदा था। वह मोबाइल 15 दिन बाद खराब हो गया। उपभोक्ता ने मोबाइल सुधारने के लिए दुकानदार को दिया तो उसने मोबाइल को सैमसंग कंपनी के सर्र्विस सेंटर भेज दिया। 10 दिन बाद जब मोबाइल के संबंध में पूछताछ करने जयकुमार गया तो उसे मोबाइल में अधिक खराबी आ जाने के चलते 3500 रुपए खर्च आने की बात कही गई। जय ने मोबाइल को वारंटी पीरियड में होना बताया, तो दुकानदार ने फिर से उसे सर्विस सेंटर भेजने की बात कही।

15 दिनों बाद उसने बताया कि मोबाइल से कुछ तरल पदार्थ का रिसाव हो गया है, जो ग्राहक की लापरवाही से हुआ है। इसलिए मोबाइल का रिपेयरिंग चार्ज ग्राहक को देना होगा। इस जवाब के बाद जयकुमार ने कंपनी व दुकानदार को नोटिस देकर नया मोबाइल देने की बात कही, जिस पर संतोषपूर्ण जवाब नहीं मिला। इससे क्षुब्ध होकर जयकुमार ने उपभोक्ता फोरम में मामला दायर किया। उपभोक्ता फोरम में सुनवाई के दौरान अध्यक्ष बीपी पांडेय व सदस्य मनरमण सिंह ने पाया कि दोनों पक्षों को सुनने के बाद पाया कि कंपनी द्वारा सेवा में कमी की गई है।

मामले मेें फैसला सुनाते हुए अध्यक्ष पांडेय व सदस्य सिंह ने सैमसंग कंपनी को वारंटी पीरियड में होने के कारण मोबइल को एक माह के भीतर सुधारकर देने या उसी माडल का नया मोबाइल देने कहा। नया मोबाइल नहीं देने की स्थिति में उपभोक्ता को मोबाइल की कीमत 6990 रुपए लौटाने का आदेश दिया गया है। साथ ही उपभोक्ता फोरम द्वारा जयकुमार को मानसिक क्षतिपूर्ति के लिए 5 हजार रुपए तथा परिवाद व्यय स्वरूप 3 हजार रुपए एक माह के भीतर प्रदान करने का आदेश दिया है।