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अनोखा जज्बा: तीसरी बार बाइक से चारधाम यात्रा पर निकले विजय थवाईत, इस बार पंच केदार भी शामिल

Janjgir Champa News: जांजगीर-चांपा के स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत एंबुलेंस चालक विजय थवाईत एक बार फिर अपने साहसिक और आस्था से जुड़े सफर पर निकल पड़े हैं।

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Chhattisgarh News

एंबुलेंस चालक विजय थवाईत (फोटो सोर्स- पत्रिका)

Chhattisgarh News: लोगों को समय पर अस्पताल पहुंचाने वाले स्वास्थ्य विभाग जांजगीर-चांपा के एंबुलेंस चालक विजय थवाईत एक बार फिर अपूर्व सफर पर निकले हैं। पिछले वर्षों की तरह इस बार भी विजय अपनी मोटर साइकिल से उत्तराखंड के चार धाम और पंच केदार की कठिन यात्रा पर रवाना हुए हैं। परिवार, मित्रों और शुभचिंतकों की सुख-शांति एवं दीर्घायु जीवन की कामना को लेकर शुरू हुई यह यात्रा उनके जीवन का अध्यात्मिक संकल्प बन चुकी है।

जांजगीर के कचहरी चौक से उन्हें आत्मीय माहौल में रवाना किया गया। इस दौरान अनुराग टिंकू शुक्ला, दादू राठौर, मनीष थवाईत, शैल राठौर, प्रिंस शर्मा, भैरव मिश्रा सहित अन्य स्नेहीजनों ने उन्हें फूल-माला पहनाकर सुखद एवं सुरक्षित यात्रा की शुभकामनाएं दीं। विजय इससे पहले भी दो बार बाइक से चार धाम की यात्रा पूरी कर चुके हैं।

चार धाम व पंच केदार का महत्व

उत्तराखंड के चार धाम (यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ, बद्रीनाथ) हिंदू धर्म में मोक्षदायक माने जाते हैं। पंच केदार (केदारनाथ, तुंगनाथ, रुद्रनाथ, मध्यमहेश्वर, कल्पेश्वर) भगवान शिव को समर्पित हैं। ये सभी स्थल अत्यधिक ऊंचाई और दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों में स्थित हैं, जहां पहुंचना शारीरिक और मानसिक दृढ़ता की परीक्षा होती है। इन यात्राओं को अध्यात्मिक शुद्धि और पुण्य प्राप्ति का मार्ग माना जाता है।

इस बार सफर और ज्यादा चुनौतीपूर्ण

इस बार का सफर और ज्यादा चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इसमें पंच केदार के दुर्गम ट्रेक भी शामिल हैं। जांजगीर चांपा से उत्तराखंड तक करीब 1500 से 1800 किलोमीटर लंबी सड़क यात्रा के बाद उन्हें पहाड़ी इलाकों में कठिन चढ़ाई और पैदल ट्रेक भी करना होगा। यात्रा के दौरान वे यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम पहुंचेंगे। इसके अलावा पंच केदार के तहत तुंगनाथ, रुद्रनाथ, मध्यमहेश्वर और कल्पेश्वर जैसे कठिन धार्मिक स्थलों की यात्रा भी करेंगे। कई जगह 15 से 20 किलोमीटर तक पैदल ट्रेक करना पड़ेगा।

स्थानीय लोगों का कहना है कि विजय की यह यात्रा सिर्फ धार्मिक नहीं, बल्कि युवाओं के लिए धैर्य, अनुशासन और संकल्प की प्रेरणा भी है। जांजगीर-चांपा से केदारनाथ तक का यह सफर अब इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है।

युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत

विजय थवाईत का यह तीसरी बार चारधाम और पंच केदार की बाइक यात्रा पर निकलना उनके गहरे आस्था, साहस और संकल्प को दर्शाता है। 1800 किमी की इस कठिन यात्रा के साथ दुर्गम पहाड़ी ट्रेक जोड़कर उन्होंने एक बार फिर यह साबित किया है कि मजबूत इरादों से कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं होता। उनकी यह यात्रा लोगों, खासकर युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन रही है।


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