
झालावाड़ शहर में बरसात के दौरान कॉलेज रोड से गुजरते वाहन।
झालावाड़. जिलेभर में बुधवार को कई क्षेत्रों में एक पखवाड़े बाद अच्छी बारिश हुई, इससे फसलों को जीवनदान मिला। बुधवार को सबसे ज्यादा बारिश मनोहरथाना में 20 मीमी दर्ज की गई। दोपहर करीब 12 बजे झालावाड़ शहर में 3, असनावर 3, बकानी 02, झालरापाटन व पिड़ावा में 6-6, सुनेल में 17 एमएम बारिश हुई। जहां बारिश हुई वहां फसलों में रौनक लौट आई वहीं जिन क्षेत्रों में बारिश नहीं हुई वहां अभी भी फसले सूख गई। जिले में अधिकतम तापमान 31 व न्यूनतम 25 डिग्री रहा। शहर में आधा घंटे हुई बारिश से पुरानीजेल रोड पर पानी भर गया। यहां हल्की बारिश होने के बाद ही ऐसे हालात बन जाते हैं, मानों तालाब हो। पास में ट्रांसफार्मर होने से करंट का खतरा भी बना रहता है। आसपास रहने वाले लोगों ने बताया कि कई बार प्रशासन को अवगत करा दिया फिर भी कोई समाधान नहीं कर पा रहे हैं। िवजय कश्यप व सागर, कृष्णगोपाल, बिन्नू, बिट्टू, भीमङ्क्षसह आदि ने बताया कि यहां हल्की सी बारिश होते ही रोड पर पानी भर जाता है, जिसमें निकलना मुश्किल होता है। नालिया जाम होने व पानी की निकासी नहीं होने से ये परेशानी होती है।
पिड़ावा. बुधवार को दोपहर 12 बजे बाद से मौसम में परिवर्तन हुआ और एक बजकर दस मिनट पर बारिश शुरू हुई जो दो बजकर दस मिनट तक जारी रही। इसके बाद भी मौसम सुहावना बना हुआ था। बहुत दिनों बाद बारिश होने से किसानों के चेहरे खिल उठे और बारिश होने से मुरझा रही फसलों में जान आ गई। बारिश का असर आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में भी रहा।
भवानीमंडी. इस वर्ष किसानों की खेतों में फसल की स्थिति काफी अच्छी थी। लेकिन बारिश नही होने से फसल मुरझाने लगी थी। बुधवार शाम को 2० मिनट कि बारिश ने ही किसानों व आमजन के चेहरे पर खुशी की लहर देखने को मिली। दोपहर से ही आसमान में बादल छा गए थे। दो मिनट की बूंदाबादी हुई। इस के बाद उमस के कारण लोग परेशान होते हुए दिखाई दिए। तहसीलदार गणेश शर्मा ने बताया कि इस वर्ष कुल 449 मिमि बारिश हुई है। 2अगस्त को 2मिमि बारिश हुई थी। आज १५ दिन क अंन्तराल मे बारिश हुई। बारिश के कारण सडक़े गिली हो गई।
Updated on:
17 Aug 2023 10:47 am
Published on:
17 Aug 2023 10:47 am
