
झांसी की बेतवा नदी की लहरों में वाटर स्पोर्ट लुफ्त उठाते अफसर।
बेतवा नदी को बुंदेलखंड की लाइफ लाइन कहा जाता है। यह लोगों की प्यास बुझाने के साथ-साथ बड़े भू-भाग को सींचती है। यह यह आम लोगों के लिए रोमांच का स्थान भी बनने जा रही है। पानी की लहरों के साथ अठखेलियां करने के शौकीन लोगों को बड़ी सौगात मिलने जा रही है। बेतवा नदी की लहरों पर मोटर बोट दौड़ा सकेंगे तो जेट स्कीइंग और वॉटर स्कूटर पर बैठकर नदी में फर्राटा भी भर सकेंगे। झांसी विकास प्राधिकरण ने महानगर से महज 10 किलोमीटर दूर नोटघाट पुल के नीचे वाटर स्पोर्ट्स एक्टिविटी शुरू करने की तैयारी कर ली है। अधिकारियों की टीम ने इसका ट्रायल लिया और मोटर बोट में बैठकर नदी की लहरों का आनंद भी लिया। दीपावली के बाद से इसका शुभारंभ होने की संभावना है।
इन स्थानों के भेजे गए प्रस्ताव
झांसी में बेतवा नदी के अलावा कई और स्थान है। जहां वाटर बोट चलाई जा सकती है। और यह स्थान बड़े पर्यटन स्थल बन सकते हैं। जिनमें हमेशा पानी भरा रहता है ऐसी गढ़मऊ झील, बेतवा नदी, पारीछा बांध एवं पहूज बांध शामिल है। इनके लिए इको फ्रेंडली बोटिंग, ईको फ्रेंडली हाउस बोट, स्कूबा डाइविंग, स्नॉर्कलिंग के अलावा महारानी लक्ष्मीबाई के जीवन पर आधारित वॉटर वॉल प्रोजेक्शन मैपिंग आयोजित करने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया था, जिस पर शासन ने बेतवा नदी के लिए हरी झंडी दे दी है।
झांसी विकास प्राधिकरण को सौंपी गई जिम्मेदारी
यहां नोटघाट के नए पुल के आसपास झांसी बोट क्लब द्वारा मणिकर्णिका वाटर स्पोर्ट्स एंड टूरिस्ट के सहयोग से पर्यटकों को मोटर बोट, जेट स्कीइंग, शिकार, वॉटर स्कूटर से सैर करायी जाएगी। परियोजना को मूर्तरूप देने की जिम्मेदारी झांसी विकास प्राधिकरण को सौंपी गयी है।
इन्होंने लिया आनंद
कमिश्नर डॉ. आदर्श सिंह, डीएम अविनाश कुमार, एसएसपी राजेश एस, जेडीए उपाध्यक्ष आलोक यादव, नगर आयुक्त सत्य प्रकाश, एसपी सिटी ज्ञानेंद्र कुमार सिंह, क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी कीर्ति, बीडा के एससीईओ प्रवर वर्मा, टाउन प्लानर जितेन्द्र सहरवार, जेडीए के अवर अभियन्ता घनश्याम तिवारी, मणिकर्णिका वाटर स्पोर्ट्स एंड टूरिस्टर के प्रो. सत्यम दुबे ने बेतवा नदी में जल नौकायन का ट्रायल लिया और सफलता मिलने पर दीपावली के तत्काल बाद इसका संचालन शुरू करने को हरी झंडी दे दी।
Published on:
08 Nov 2023 05:56 am
