10 अगस्त 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

जोधपुर
कांग्रेस में राहुल के बाद दूसरा चेहरा बने गहलोत
Play video

कांग्रेस में राहुल के बाद दूसरा चेहरा बने गहलोत

जोधपुर. राजस्थान विधानसभा चुनाव की सरगर्मियां शबाब पर हैं। कांगे्रस के कद्दावर नेता अशोक गहलोत मंगलवार को मारवाड़ के सिंह द्वार और राजनीति के प्रमुख केंद्र जोधपुर पहुंचे तो उनके आसपास एक बड़ा सा आभामंडल नजर आया।  
Google source verification

जोधपुर

image

MI Zahir

Nov 06, 2018

जोधपुर. राजस्थान विधानसभा चुनाव की सरगर्मियां शबाब पर हैं। कांगे्रस के कद्दावर नेता अशोक गहलोत मंगलवार को मारवाड़ के सिंह द्वार और राजनीति के प्रमुख केंद्र जोधपुर पहुंचे तो उनके आसपास एक बड़ा सा आभामंडल नजर आया। कंाग्रेस के महासचिव पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के साथ और उनके पास भारी जनसमूह ने उन्हें कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के बाद दूसरा बड़ा चेहरा साबित कर दिया। उनके आगमन मात्र से मारवाड़ की कांग्रेस में भारी हलचल मच गई। एयरपोर्ट से उनके पहुंचने के स्थानों तक पहले से पहले कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता के साथ आम आदमी भी उनकी एक झलक के लिए लालायित दिखा। यहां उनके शक्ति प्रदर्शन की राजनीति अब रंग लाती हुई दिखाई दी कि वे जहां जहां पहुंचे वहां उनके पहुंचने से पहले कुर्सियां खचाखच भरी हुई नजर आईं। कायलाना झील किनारे बनी होटल लेक व्यू के खुले मुक्ताकाशीय बड़े पाण्डाल में भी उनके पहुंचने से पहले कुर्सियां भरी हुई दिखाई दीं। गहलोत ने जहां एक ओर पदेत्तर राजनीति की ओर इशारा किया, वहीं यह साफ भी किया कि वे पार्टी को महत्व देते हैं और पद उनके लिए कुछ नहीं है।

कई नेताओं ने शक्ति प्रदर्शन किया

इधर कई नेताओं ने अपने अपने टिकट के लिए उनके समक्ष शक्ति प्रदर्शन किया। शहर जिला कांग्रेस ने हमेशा की भांति जिस तरह टिकट वितरण का फैसला लेने के लिए गहलोत को अधिकृत कर दिया। जिला कांग्रेस प्रदेश कांग्रेस कमेटी को प्रस्ताव को पहले ही इस आशय का प्रस्ताव बना कर भेज चुकी है कि जोधपुर की शहर, सूरसागर और सरदारपुरा की सीटों के लिए टिकट का फैसला गहलोत ही करेंगे। गहलोत के प्रति यह निष्ठा या यूं कहें कि उन्हें टिकट के लिए अधिकृत करने की यह बात कोई नहीं है। पिछली बार एआईसीसी और पीसीसी के पर्यवेक्षकों के आगमन के समय भी एेसे प्रस्ताव पारित होते रहे हैं। एक ओर प्रस्ताव और दूसरी ओर हर जगहउनके आसपास नेताओं व कार्यकर्ताओं के जमघट ने यह साबित कर दिया कि गहलोत की लोकप्रियता और पाटी में उनकी सर्वमान्यता व स्वीकार्यता में कोई कमी नहीं आई है।

किया शक्ति प्रदर्शन, कहा- सेवा के लिए साधु बनने के तैयार हूं
जोधपुर.कांंग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव व पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि अब उनके लिए पद कोई मायने नहीं रखता। बोले-पार्टी की सेवा के लिए घरबार छोड़ साधु बनने को तैयार हूं। पार्टी चाहे जहां मेरा उपयोग करें, छोटा-बड़ा कोई पद दे, बस पार्टी को फायदा होना चाहिए। मेरी ख्वाहिश यही है कि देश में कांग्रेस का झंडा बुलंद रहे। मंगलवार को कायलाना रोड स्थित होटल में गहलोत ने दार्शनिक अंदाज में संबोधित करते हुए कार्यकर्ताओं में जोश फूंका। उन्होंने कहा कि अभी विधानसभा चुनाव है, फिर लोकसभा चुनाव आ जाएंगे। दोनों में कांग्रेस की सरकार बनाना ही हमारा उद्देश्य होना चाहिए। एक विधानसभा क्षेत्र में टिकट तो एक को ही मिलेगा, दो को नहीं मिल सकता। बाकी को निराश नहीं होकर पार्टी के लिए काम करना है। जिसे टिकट मिले, उसे जीतना हमारा फर्ज होना चाहिए। तब जाकर कांग्रेस की सरकार बनेगी। उन्होंने मिजोरम कॉग्रेस मॉडल का जिक्र करते हुए कहा कि भविष्य में कांग्रेस में मनोनयन की जगह जिलाध्यक्ष का चुनाव होगा।
जिलाध्यक्ष को इतना मजबूत किया जाएगा कि टिकटों के फैसले में उसकी महत्वपूर्ण भूमिका हो। चुनाव से पहले सभी जिलाध्यक्षों को दिल्ली बुला कर नाम मांगे जाएंगे। उनसे पूछा जाएगा कि आप इनका नाम क्यों दे रहे हैं।

इन मुद्दों पर घेरा
नोटबंदी, सीबीआई, राफेल, काले झंडे।

किस पर क्या बोले गहलोत
गुटबाजी : गहलोत ने कहा कि सारे आदमी मेरे हैं। जो कांग्रेस का है, वो मेरा है। जो जीत सकता है, उसे टिकट मिलना चाहिए।

महिलाएं : महिला कार्यकर्ताओं की कम संख्या देख बोले-संगठन महिलाओं को टिकट देने की बात कर रहा है और आप इतनी कम संख्या में आई हैं। तभी मौजूद ने महिलाओं ने कांग्रेस का झंडा लहराकर अपनी मौजूदगी का एहसास करवाया।