10 अगस्त 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

डेयरी बूथ हटाने को लेकर विवाद…हंगामा… निगम के राजस्व अधिकारी पर छिड़का पेट्रोल

नगर निगम का दस्ता और स्थानीय लोग आमने-सामने
2 min read
Google source verification
डेयरी बूथ हटाने को लेकर विवाद...हंगामा... निगम के राजस्व अधिकारी पर छिड़का पेट्रोल

डेयरी बूथ हटाने को लेकर विवाद...हंगामा... निगम के राजस्व अधिकारी पर छिड़का पेट्रोल

जोधपुर. जालोरी गेट पर सरस का बूथ हटाने गया नगर निगम का दस्ता और स्थानीय लोग आमने-सामने हो गए। निगम की कार्रवाई को लेकर काफी देर तक हंगामा चला। बूथ मालिक और स्थानीय लोग शाम तक निगम बूथ हटाने के विरोध में अड़े रहे। हंगामे के बीच भीड़ में से एक व्यक्ति ने निगम के राजस्व निरीक्षक रणवीर देथा पर पेट्रोल छिड़क दिया। इससे माहौल गरमा गया। पुलिस ने बीच-बचाव कर मामला शांत किया। विरोध के कारण देर शाम बूथ हटाने की कार्रवाई स्थगित कर दी गई।नगर निगम की ओर से जालोरी बारी क्षेत्र में पार्किंग के पास सरस बूथ के लिए सालों पहले अनुमति दी गई थी। सोमवार सुबह नगर निगम की टीम जालोरी बारी पहुंची और बूथ हटाने का नोटिस बूथ मालिक को दिखाया। आरोप है कि निगम के दस्ते ने बूथ से सामान बाहर निकाला और बिजली का कनेक्शन भी काट दिया। निगम टीम की इस कार्रवाई से बूथ मालिक और स्थानीय लोग भड़क गए। काफी संख्या में लोग मौके पर एकत्रित हो गए। उन्होंने बूथ हटाने की कार्रवाई रुकवा दी। इस बीच, नगर निगम प्रतिपक्ष नेता लक्ष्मीनारायण सोलंकी, भाजपा नेता राजेन्द्र बोराणा और वरुण धनाडि़या और राजेन्द्र बोराणा समेत कई जनप्रतिनिधि भी मौके पर पहुंचे और निगम की कार्रवाई पर ऐतराज उठाया। शाम तक स्थानीय लोग कैबिन के आगे जमा रहे। निगम दस्ता और पुलिस भी मौके पर रही।

गाइडलाइन का उल्लंघन : आयुक्त

नगर निगम आयुक्त अतुलप्रकाश ने बताया कि बूथ संचालन का लाइसेंस काफी पहले जारी किया हुआ था। लेकिन बूथ मालिक ने उसे दूसरी जगह शिफ्ट कर दिया। वह गाइड लाइन का लगातार उल्लंघन कर रहा था। इस कारण उसे नोटिस दिया। उसने कोर्ट में अपील की। कोर्ट से अपील खारिज हो गई। तत्पश्चात हमने उसका लाइसेंस निरस्त कर बूथ हटाने के आदेश दिए थे। इसी के तहत दस्ता सोमवार को कार्रवाई के लिए पहुंचा था।

पुलिस बल तैनात

निगम की कार्रवाई को लेकर दिनभर हंगामा चलता रहा। मौके पर काफी संख्या में लोग जुट गए। पुलिस बल भी तैनात किया गया। स्थानीय लोग और निगम कार्मिक आमने-सामने हो गए। काफी देर तक हंगामा चलता रहा। लोग कैबिन के आगे जमा हो गए। निगम की कार्रवाई को रुकवा दिया।

निगम दस्ते के खिलाफ थाने में दी रिपोर्ट

सरस बूथ चलाने वाले अशोक सोलंकी ने सदर बाजार पुलिस थाने में सोमवार शाम निगम कार्मिकों के खिलाफ रिपोर्ट दी है। रिपोर्ट में आरोप लगाया कि निगम कार्मिकों ने बिना नोटिस दिए उसके कैबिन में तोड़फोड़ की, महिलाओं से मारपीट और लज्जाभंग की। इधर, भाजपा के वरिष्ठ नेता राजेन्द्र बोराणा और वरुण धनाडि़या समेत कई नेताओं ने पुलिस और निगम कार्रवाई को लेकर पुलिस आयुक्त से शिकायत की। उन्होंने आरोप लगाया कि भूखण्ड निजी व्यक्ति का है और निगम को हटाने का अधिकार ही नहीं। यह भी आरोप लगया कि निगम और पुलिस ने भूमाफिया के जरिए कैबिन हटाने का प्रयास किया।