
भूतेश्वर वनखंड में अतिक्रमण के विरुद्ध पैदल मार्च
NAND KISHORE SARASWAT
जोधपुर. कोरोना लॉकडाउन के दौरान भूतेश्वर वनखंड के भैरवा भाखर सहित अलग-अलग जगहों पर अंधाधुंध अतिक्रमणों के विरुद्ध रविवार को भूतनाथ से इकलिंगजी महादेव मंदिर तक पैदल मार्च निकाल कर विरोध किया गया। कोविड गाइड लाइन की पालना के साथ पैदल मार्च में 20-20 लोगों के चार अलग-अलग पर्यावरण प्रेमियों के समूह शामिल होकर जिला प्रशासन व वनविभाग प्रशासन से सरिसृप सहित कई वन्यजीवों के प्राकृतवास में हो रहे अंधाधुंध अतिक्रमणों को हटाने के लिए बड़ी कार्रवाई करने की मांग की। सुबह साढ़े छह बजे दीपक थानवी के संयोजन में शुरू हुए पैदल मार्च के दौरान वनखंड में प्रतिदिन नियमित रूप से वॉक करने वाले लोगों ने भी शिरकत की। पक्षी व्यवहार विशेषज्ञ शरद पुरोहित ने कहा कि शहरवासियों की लाइफ लाइन कहे जाने वाले भूतेश्वर वन खंड में चौतरफा अतिक्रमण का खामियाजा सरिसृप, वन्यजीवों, औषधिय व प्राकृतिक वनस्पतियों के साथ पूरे शहरवासियों को उठाना पड़ेगा।
पत्रिका ने भी उठाया था मुद्दा
राजस्थान पत्रिका में 14 मई को प्रकाशित समाचार 'आपदा में भी अवसर तलाश रहे अतिक्रमीÓ के बाद आध्यात्मिक क्षेत्र पर्यावरण संस्थान समिति के अध्यक्ष रामजी व्यास ने आयोग में परिवाद प्रस्तुत कर शहर के वन क्षेत्रों से अतिक्रमण हटाने का निवेदन और प्राकृतिक ऑक्सीजन प्लांट के रूप में विकसित वन खंड के पेड़ पौधों व पर्यावरण को बचाने मानव अधिकारों की रक्षा के लिए कार्रवाई का निवेदन किया था।
Updated on:
28 Jun 2021 11:05 am
Published on:
28 Jun 2021 11:05 am
