
जोधपुर। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) जोधपुर का दसवां दीक्षांत समारोह शनिवार को आयोजित किया गया, जिसमें 1084 छात्र-छात्राओं को डिग्रियां दी गई। समारोह में पांच छात्र छात्राओं को गोल्ड मैडल मिले। डिग्रियां और गोल्ड मैडल पाकर विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों के चेहरे खिल पड़े। दीक्षांत समारोह दो चरणों में आयोजित किया गया। प्रथम चरण में सुबह 9.30 बजे डिग्रियों का वितरण किया। इस दौरान आईआईटी जोधपुर के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के चेयरमैन व इसरो के पूर्व प्रमुख डॉ एस किरण कुमार, आईआईटी जोधपुर के निदेशक डॉ अविनाश कुमार और इंडिया फाउण्डेशन के अध्यक्ष डॉ राम माधव ने डिग्रियां वितरित की।
आईआईटी जोधपुर का दीक्षांत समारोह का दूसर चरण अपराह्न 3.30 बजे शुरू हुआ। उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने आईआईटीयन्स को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि वे जिंदगी में आगे बढ़ना चाहते हैं तो जिंदगी भर लर्नर बने रहें। कुछ न कुछ सीखते रहे। इनोवेशन ही आर्थिक उन्नति का सूचक है। धनखड़ ने कहा कि कभी पांच कमजोर अर्थव्यवस्था में गिना जाने वाला भारत अब पांच मजबूत अर्थव्यवस्था में आ गया है और अपने युवाओं के दम पर शीघ्र ही तीसरे सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था भी बनेगा। कार्यक्रम को केंद्रीय पर्यटन व संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने संबोधित किया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल के प्रतिनिधि के तौर पर कानून मंत्री जोगाराम पटेल शामिल हुए।
Published on:
26 Oct 2024 09:07 pm
बड़ी खबरें
View Allजोधपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
