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आखिरकार रद्द होगी जेएनवीयू शिक्षक भर्ती, 154 शिक्षकों की बर्खास्तगी पर मोहर लगा कर फिर होगी नई भर्ती!

- अब सिण्डीकेट 154 शिक्षकों की बर्खास्तगी पर लगाएगी अंतिम मोहर
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गजेंद्रसिंह दहिया/जोधपुर. जयनारायण व्यास विश्वविद्यालय में शिक्षक भर्ती 2012-13 में हुई 154 शिक्षकों की भर्ती में राज्य सरकार की हाईलेवल कमेटी को भारी धांधलियां मिली हैं। कमेटी समन्वयक व कोटा विवि के पूर्व कुलपति प्रो. पीके दशोरा ने 1230 पन्नों की रिपोर्ट में विवि की कारगुजारियों को उधेड़कर रख दिया। प्रो. दशोरा ने भर्ती के संबंध में कई निष्कर्ष दिए हैं। इसमें एक पूरी भर्ती प्रक्रिया को निरस्त करना है। विवि को 154 शिक्षकों को बाहर का रास्ता दिखा फिर से विज्ञापन जारी कर नई भर्ती करने की अनुशंषा की गई है। जांच रिपोर्ट को 15 पन्नों में समेटकर विवि के तीन शिक्षकों की कमेटी ने अपनी ओर से एक रिपोर्ट बुधवार शाम कार्यवाहक कुलपति डॉ. राधेश्याम शर्मा को सौंप दी।

अब विवि सिंडीकेट की बैठक में भर्ती रद्द करने पर अंतिम मोहर लगाई जाएगी। जिस दिन सिंडीकेट एजेंडा पारित करेगी, उसी दिन से 154 शिक्षक पद से हटे हुए माने जाएंगे। उधर, शिक्षक भर्ती में चयनित कुछ शिक्षकों ने नौकरी जाने के डर से न्यायालय में रिट लगाई है। राज्य सरकार भी इस मामले में तैयारी में है। उच्च शिक्षा विभाग ने विवि को सुप्रीम कोर्ट तक केवियट दायर करने के निर्देश दिए हैं। सरकार ने विवि को साफ कह दिया है कि न्यायालय में पक्ष रखने में किसी प्रकार की गलती नहीं होनी चाहिए। गौरतलब है कि विवि इस मामले में अब तक 34 शिक्षकों को बर्खास्त कर चुका है, लेकिन विवि के तत्कालीन कुलपति व रजिस्ट्रार ने हाईकोर्ट में अण्डरटेंकिंग देकर बर्खास्तगी को रोक दिया। एक साल से ये शिक्षक विवि में नौकरी कर वेतन उठा रहे हैं। अब देखना होगा कि शिक्षक विवि के खिलाफ कौनसा कदम उठाएंगे।

सिंडीकेट कार्रवाई करेगी


प्रो. दशोरा कमेटी की रिपोर्ट का सारांश विवि की कमेटी ने दे दिया है। यह रिपोर्ट सिंडीकेट बैठक में रखी जाएगी, जहां भर्ती प्रक्रिया संबंधी अंतिम फैसला लिया जाएगा।

प्रो. राधेश्याम शर्मा, कार्यवाहक कुलपति, जेएनवीयू जोधपुर