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लवली कंडारा एनकाउंटर : सीबीआई जांच की मांग पर हाईकोर्ट ने दिया यह फैसला

- सीआइडी सीबी ने जांच की पूरी, कोर्ट में रिपोर्ट दाखिल करने की तैयारी
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लवली कंडारा एनकाउंटर : सीबीआई जांच की मांग पर हाईकोर्ट ने दिया यह फैसला

लवली कंडारा एनकाउंटर : सीबीआई जांच की मांग पर हाईकोर्ट ने दिया यह फैसला

जोधपुर।
राजस्थान हाईकोर्ट (Rajasthan Highcourt) ने वर्ष 2021 के जोधपुर के बहुचर्चित नवीन उर्फ लवली कण्डारा एनकाउंटर (Lovely Kandara Encounter case) मामले में सीबीआइ जांच की मांग को लेकर दायर याचिका को बुधवार को निस्तारित कर दिया है। (petition filed for the demand of CBI inquiry was disposed in Lovely Kandara
न्यायाधीश मनोज कुमार गर्ग की एकल पीठ में याचिकाकर्ता उषा कण्डारा की ओर से दायर याचिका की सुनवाई के दौरान अतिरिक्त महाधिवक्ता अनिल जोशी के साथ सीआईडी सीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पुष्पेंद्र सिंह पेश हुए। उन्होंने कहा कि इस मामले में पांच आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। जांच पूरी हो गई है और अब सक्षम न्यायालय के समक्ष सीआरपीसी की धारा 173 के तहत एक रिपोर्ट पेश की जा रही है। इसे देखते हुए कोर्ट ने याचिका निस्तारित कर दी।
हालांकि, याचिकाकर्ता को सक्षम न्यायालय के समक्ष एक उपयुक्त आवेदन दायर करने की स्वतंत्रता दी गई है। संबंधित सक्षम न्यायालय को निर्देशित भी किया गया है कि याचिकाकर्ता के ऐसे किसी आवेदन पर विचार करते हुए कानून के अनुसार निर्णय लिया जाए।
केन्द्र ने सीबीआइ जांच लायक नहीं माना था
अक्टूबर, 2021 में लवली कंडारा की एनकाउंटर में मौत हो गई थी। एनकाउंटर के खिलाफ आक्रोश को देखते हुए राज्य सरकार ने केंद्र को सीबीआई जांच के लिए मामला रेफर किया था, लेकिन केंद्र ने 27 अप्रैल, 2022 को मामला सीबीआई जांच के लायक नहीं माना था। इस मामले में सीआईडी सीबी ने जांच पूरी की है। एनकाउंटर के तत्काल बाद निलंबित किए रातानाडा के तत्कालीन थानाधिकारी लीलाराम और तीन कांस्टेबलों को पुलिस ने विभागीय जांच में क्लीन चिट देकर बहाल कर दिया गया था।
पुलिस की जवाबी फायरिंग में गई थी जान
उल्लेखनीय है कि अक्टूबर, 2021 में पुलिस एनकाउंटर में मारा गया नवीन उर्फ लवली कंडारा नागौरी गेट थाने का हिस्ट्रीशीटर था। उसके खिलाफ विभिन्न थानों में गंभीर प्रकृति के 11 मामले दर्ज थे। हादसे के दिन रातानाडा थाना पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि लवली कंडारा हाईकोर्ट कॉलोनी के पास एक एक्सयूवी कार में अपने बदमाश साथियों के साथ घूम रहा है। इस सूचना पर तत्कालीन एसएचओ लीलाराम पुलिस जाब्ते के साथ उसके पकड़ने के लिए गए थे। वहां लवली कंडारा ने पुलिस को देखकर भागने की कोशिश की। पुलिस ने उसका पीछा किया। एसयूवी वाहन में बैठे हिस्ट्रीशीटर ने पीछा कर रहे थानाधिकारी और पुलिसकर्मियों को जान से मारने की नियत से उन पर फायर किए। पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई में फायर किए। बाद में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई फायरिंग में एक गोली लवली कंडारा के पेट में लग गई, जिससे उसकी मौत हो गई थी।