10 अगस्त 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

आंधी के कारण बिखरी टिड्डी, पाकिस्तान से घुसे दो नए दल

जोधपुर में बासनी के कुछ इलाकों में घर के पेड़ पौधों पर बैठी, कोटा में राजस्थान-एमपी बॉर्डर पर टिड्डी का जमावड़ा, स्पेशल टीम भेजी  
less than 1 minute read
Google source verification
new locust groups entered from pakistan into indian border

आंधी के कारण बिखरी टिड्डी, पाकिस्तान से घुसे दो नए दल

गजेंद्रसिंह दहिया/जोधपुर. पाकिस्तान से बीकानेर के खाजूवाला और जैसलमेर के पास से शुक्रवार को दो टिड्डी दलों ने प्रवेश किया। करीब दो से ढाई किलोमीटर लंबे चौड़े यह दल आंधी के कारण बिखर गए। शनिवार दोपहर तक टिड्डी की पूरी स्थिति के बारे में जानकारी नहीं मिल सकी। दोनों दल छोटे-छोटे कई दलों में टूट गया था। उधर जोधपुर जिले के फलोदी, लोहावट, देचू और बाप में फैली कुछ टिड्डी जोधपुर शहर के बाहरी इलाकों मधुबन, झालामंड, बांसनी व संगरिया तक पहुंची।

कृषि विभाग के अनुसार यह मामूली टिड्डी है जो घरों के पेड़ पौधों पर बैठी थी। जोधपुर जिले में अधिकांश जगहों पर टिड्डी पर नियंत्रण किया जा चुका है उधर कोटा में राजस्थान और मध्य प्रदेश बॉर्डर पर टिड्डी की भरमार हो गई है। वहां बारां, कोटा और श्योपुर जिले में बड़ी संख्या में टिड्डी मौजूद है। वहां टिड्डी ऑपरेशन के लिए टिड्डी चेतावनी संगठन ने स्पेशल टीम भेजी है।

जोधपुर में 45 स्थानों पर 4000 हेक्टर में नियंत्रण
कृषि विभाग के उप निदेशक वीरेंद्र सिंह सोलंकी ने बताया कि 4 मई से अब तक जोधपुर में करीब 45 स्थानों पर 4000 हेक्टर में टिड्डी नियंत्रण कार्यक्रम किया जा चुका है। अधिकांश टिड्डी बाप, फलोदी और देचू के आसपास सीमित रही। अब बची-खुची टिड्डी है जो नियंत्रण कार्यक्रम के बाद उड़ गई थी। जोधपुर में कुछ रहवासीय क्षेत्रों में टिड्डी आई है लेकिन यह संख्या में इतनी कम है कि इनसे कोई खतरा नहीं है।

उत्तर प्रदेश में फिलहाल नहीं
टिड्डी चेतावनी संगठन के उप निदेशक डॉ केएन गुर्जर ने बताया कि वर्तमान में पश्चिमी राजस्थान के कई जगहों पर टिड्डी बिखरी हुई है। उत्तर प्रदेश में फिलहाल कोई टिड्डी नहीं है। अधिकांश जगहों पर टिड्डी नियंत्रित कर दी गई है।