10 अगस्त 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

देर रात चन्द्रोदय बाद ऊबछठ व्रत का पारणा

ऊब छठ शनिवार को उदित तिथिनुसार चंदनषष्ठी पर्व के रूप में परम्परागत हर्षोल्लास से मनाया
less than 1 minute read
Google source verification
देर रात चन्द्रोदय बाद ऊबछठ व्रत का पारणा

देर रात चन्द्रोदय बाद ऊबछठ व्रत का पारणा

जोधपुर. भगवान कृष्ण के बड़े भ्राता भगवान बलराम का जन्म दिवस एवं शिव-गौरी उपासना से जुड़ा पर्व ऊब छठ शनिवार को उदित तिथिनुसार चंदनषष्ठी पर्व के रूप में परम्परागत हर्षोल्लास से मनाया गया। सुहागिनें घर-परिवार की सुख समृद्धि के लिए सूर्यास्त बाद चंदनयुक्त जल सेवन कर कठिन व्रत का संकल्प लिया। संकल्प के बाद व्रती महिलाओं में मंदिरों में खड़े रहकर उपासना एवं पौराणिक कथाओं का श्रवण किया। उम्मेद उद्यान स्थित शिवालय, शनिश्चर थान स्थित मंदिर, सिवांचीगेट द्वारकाधीश मंदिर, कटला बाजार कुंजबिहारी मंदिर, जालोरीबारी बड़लेश्वर महादेव मंदिर व प्रतापनगर प्रतापेश्वर मंदिर सहित सभी प्रमुख ठाकुरजी के मंदिरों में व्रती महिलाओं की देर शाम तक रेलमपेल रही। लाल सागर क्षेत्र के मंदिरों में व्रती महिलाओं ने चन्द्रोदय होने तक संकीर्तन व झूलों का आनंद लिया। व्रती महिलाओं व युवतियों ने देर रात चन्द्रदोय के बाद अघ्र्य देकर व्रत का पारणा किया। व्रती महिलाओं व युवतियों ने देर रात चन्द्रदोय के बाद अघ्र्य देकर व्रत का पारणा किया।