
जोधपुर की इन सडक़ों पर चलें जरा संभल कर... सडक़ों पर उड़ रही धूल, तो इधर टूटे पड़े है डिवाइडर
अविनाश केवलिया/जोधपुर. मानसून की जाती हुई वेला में अभी सबसे बड़ी परेशानी सडक़ें हैं। सडक़ों पर बड़े-बड़े गड्ढों से तो आप-हम रोज ही दो-चार होते हैं लेकिन पिछले कुछ दिनों से एक बड़ी समस्या धूल-मिट्टी की भी है। ऐसी सडक़ें जो बारिश में बह गई वहां मोटरेबल करने या गड्ढों को भरने के लिए लेवलिंग की गई है। फिलहाल डामर या सीसी कार्य नहीं करवाया जा रहा है। ऐसे में गड्ढों को भरने वाली यही मिट्टी वाहन चालकों के लिए सबसे बड़ी परेशानी का कारण बन गई है।
हमारे शहर के प्रदूषण का कारण भी यही
जोधपुर को देश की सबसे ज्यादा वायु प्रदूषण वाले शहरों की वरीयता सूची में स्थान मिलता है। इसका प्रमुख कारण भी ये उड़ती धूल-मिट्टी ही है। हालात यह है कि मिट्टी के यह कण सांस के साथ हमारे फेफड़ों को बीमार करने के लिए भी काफी हैं।
कुछ बचाव जो आपके लिए जरूरी है
- जिस रास्ते में सबसे ज्यादा धूल उड़ती है वहां अगले कुछ दिनों तक सफर से बचें।
- यदि दुपहिया वाहन से गुजर रहे हैं तो हेलमेट और उसका पूरा कांच लगा कर रखे।
- ऐसी सडक़ों पर किसी बड़े भारी वाहन के पीछे अपना दुपहिया वाहन नहीं रखे।
ये जानलेवा डिवाइडर के कट
सडक़ों पर एक और खतरा भी आपको दिखाई देगा। सीधी चल रही सडक़ में एकाएक डिवाइडर क्रॉस कर एक वाहन आपकी लेन में प्रवेश कर सकता है। ऐसा इसलिए क्योंकि शहर में अधिकांश डिवाइडर की वर्षों से सार संभाल नहीं हुई। इसका नतीजा यह है कि कई डिवाइडर पर अवैध व गलत तरीके से कट लगा दिया गया है। ये कट हादसे का कारण बने हुए हैं।
जेडीए को सौंपी जिम्मेदारी
जिला कलक्टर ने बीते दिनों सरकारी विभागों के साथ निरीक्षण किया और प्रमुख डिवाइडर की हालत सुधारने के निर्देश दिए।
- भाटी चौराहे से इंजिनियरिंग कॉलेज चौराहा तक डिवाइडर रखरखाव।
- भाटी चौराहे से पुलिस लाइन रोड डिवाइडर का रख-रखाव व सौन्दर्यकरण।
- पीडब्ल्यूडी-एनएच बनाड रोड पर डिवाइडर का सौन्दर्यीकरण।
- राष्ट्रीय राजमार्गों के डिवाइडर के सौन्दर्यीकरण के भी निर्देश दिए गए।
Published on:
16 Sept 2019 10:35 am
