
पलासनी में चेतन का घर और इनसेट में केतन अग्रवाल के साथ सिया। फोटो पत्रिका नेटवर्क
Jodhpur connection in ketan Agarwal Muder case: जोधपुर/बिलाड़ा। पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में गिरफ्तार आरोपी चेतन चौधरी का संबंध जोधपुर जिले की लूणी पंचायत समिति के पालासनी गांव से होने की जानकारी सामने आने के बाद पूरे गांव में हैरानी और सन्नाटा पसरा हुआ है। करीब दो हजार घरों की आबादी वाले इस गांव के लोगों का कहना है कि उन्हें अब भी यकीन नहीं हो रहा कि शांत स्वभाव का युवक इतने संगीन अपराध के आरोप में गिरफ्तार हो सकता है।
ग्रामीणों के अनुसार चेतन चौधरी चार बहनों का इकलौता भाई है। उसका जन्म और पालन-पोषण पुणे में ही हुआ, जहां उसने शिक्षा भी प्राप्त की। उसके पिता बाबूलाल चौधरी पिछले करीब 35 वर्षों से पुणे में किराना व्यवसाय कर रहे हैं। परिवार का अधिकांश समय पुणे में ही बीतता है, जबकि गांव से उनका सामाजिक और पारिवारिक जुड़ाव लगातार बना हुआ है।
ग्रामीणों ने बताया कि बाबूलाल चौधरी गांव में भामाशाह के रूप में जाने जाते हैं। करीब तीन वर्ष पहले उन्होंने चिड़ियानाथजी मंदिर में सबसे अधिक बोली लगाई थी। धार्मिक आयोजनों और सामाजिक कार्यों में उनका हमेशा सहयोग रहता है, जिसके कारण गांव में उन्हें सम्मान की दृष्टि से देखा जाता है। ऐसे परिवार के बेटे का नाम हत्या जैसे गंभीर मामले में आने से लोग स्तब्ध हैं।
पालासनी निवासी सुरेश सीरवी ने बताया कि चेतन कभी-कभार ही गांव आता था और अधिकांश समय पुणे में रहता था। उसके पिता गांव में होने वाले विवाह और सामाजिक कार्यक्रमों में नियमित रूप से शामिल होते थे। ग्रामीणों का कहना है कि चेतन का व्यवहार सामान्य और शांत था। उसने कभी गांव में किसी विवाद या झगड़े में हिस्सा नहीं लिया।
चेतन की चार बहनों में से तीन की शादी हो चुकी है, जबकि एक बहन का विवाह होना बाकी है। परिवार के बड़े-बुजुर्ग इस पूरे घटनाक्रम से गहरे सदमे में हैं। चेतन के दोस्तों के मुताबिक, उसे क्रिकेट खेलने का काफी शौक था। जब भी वह गांव आता, दोस्तों के साथ क्रिकेट खेलता और सामान्य बातचीत करता था। किसी ने भी उसके व्यवहार में ऐसा कुछ नहीं देखा, जिससे भविष्य में उसके किसी गंभीर अपराध में शामिल होने का अंदेशा हो।
हत्याकांड में चेतन का नाम सामने आने के बाद पलासनी में यही चर्चा है कि जिस परिवार की पहचान अब तक धार्मिक और सामाजिक योगदान के कारण थी, उसी परिवार के युवक का इतने बड़े आपराधिक मामले में नाम कैसे आ गया। ग्रामीण इसे पूरे गांव के लिए बेहद दुखद और चौंकाने वाला घटनाक्रम बता रहे हैं। चेतन के कुछ दोस्तों का दावा है कि वह कुछ समय पहले अपनी कथित मित्र सिया गोयल के साथ जोधपुर आया था। दोनों ने मेहरानगढ़ किले का भी भ्रमण किया था। हालांकि, गांव में मौजूद परिवार के सदस्यों ने इस संबंध में किसी प्रकार की पुष्टि नहीं की है।
Published on:
27 Jun 2026 06:21 pm
बड़ी खबरें
View Allजोधपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
