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रबी बुवाई: गत वर्ष से 38 हजार हैक्टेयर रकबा अधिक

- इस बार बुवाई लक्ष्य 5.51 लाख है जबकि गत वर्ष 5.13 लाख हैक्टेयर था-- खरीफ के नुकसान के बाद रबी से उम्मीदें
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जोधपुर

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Amit Dave

Oct 24, 2021

रबी बुवाई: गत वर्ष से 38 हजार हैक्टेयर रकबा अधिक

रबी बुवाई: गत वर्ष से 38 हजार हैक्टेयर रकबा अधिक

जोधपुर।
कृषि विभाग ने खरीफ फसल कटाई के बाद जिले में रबी सीजन की बुवाई के लिए लक्ष्य जारी कर दिया है। विभाग की ओर से इस बार जिले में 5.51 लाख हैक्टेयर में बुवाई लक्ष्य तय किया गया, जो गत वर्ष की तुलना में निर्धारित बुवाई लक्ष्य से 38 हजार हैक्टेयर ज्यादा है। विभाग की ओर से गत वर्ष 5.13 लाख हैक्टेयर बुवाई लक्ष्य निर्धारित किया गया था। इस बार रकबा बढऩे से कुछ फसलों का बुवाई रकबा भी बढ़ाया गया है।
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गत वर्ष से जीरा का रकबा बढ़ा, सरसों का मामूली घटा
इस बार सबसे अधिक रकबा जीरा का 1.85 लाख व सरसो 1.70 लाख हैक्टेयर रखा गया है। गत वर्ष जीरे का रकबा 1.55 लाख हैक्टैयर था। इस बार सरसों का रकबा मामूली घटाया गया है, गत वर्ष सरसों का रकबा 1.80 लाख हैक्टेयर था। कई क्षेत्रों में किसानों ने सरसों की बुवाई शुरू कर दी है।
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रबी सीजन से उम्मीदें
किसानों को खरीफ सीजन में फसल नुकसान के बाद अब रबी सीजन से काफी उम्मीदें है। मानसून के अंतिम चरण में बारिश होने से सेवज (नमीयुक्त जमीन) में बुवाई होने की उम्मीद है, जहां जीरा व चने की अच्छी बुवाई की उम्मीद है।जिले में मुख्यत: रायड़ा, पीली सरसों, जीरा, गेंहू, चना, लहसुन, इसबगोल की बिजाई की जाती है। दिन के तापमान में गिरावट के साथ ही क्षेत्र में जीरा, लहसुन, इसबगोल की बुवाई शुरू हो जाएगी। वहीं मूंगफ ली की फ सल कटाई के बाद गेहूं और चने में भी बिजाई शुरू होनी है।
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जिले में सिंचाई ट्यूबवेल पर निर्भर
जिले में रबी सीजन की फ सलों की सिंचाई पूरी तरह विद्युत से चलने वाले ट्यूबवेल पर निर्भर है। ऐसे में बिजली कटौती व लंबित कृषि कनेक्शन जारी होने में देरी की चिंता किसानों को सता रही है। डीएपी खाद की उपलब्धता व डीजल के लगातार बढ़ रहे दाम को लेकर किसान चिंतित व फ सल उत्पादन लागत बढऩे को लेकर आशंकित है।
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रबी बुवाई लक्ष्य लाख हैक्टेयर में
फसल---- 2021 ------- 2020
जीरा- 185000 --------- 155000
सरसो- 170000 --------- 180000
गेहूं- 65000 ---------- 80000
चना- 55000 --------- 35000
ईसबगोल- 32000 ---- 20000
तारामीरा-- 20000 ---- 00
मैथी-7000 --------- 5000
जौ-- 1000 ------ 00
अन्य-- 16000 --- 00
धनिया - 00 ----- 5000
प्याज - 00 ----- 18000
लहसुन - 00 ------- 12000
सब्जियां - 00 ----- 3000
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कुल-- 551000------- 513000
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इस बार रबी सीजन में गत वर्ष की तुलना में बुवाई रकबा ज्यादा है। वर्तमान में जीरे के साथ तिलहन में रुझान को देखते हुए सरसों का रकबा बढ़ाया है। इससे किसानों को फायदे की उम्मीद की जा सकती है।
डॉ जेआर भाखर, उप निदेशक
कृषि विस्तार, जोधपुर