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मुक्त में मिलेगी राशन सामग्री यह सोचा उमड़ी भीड़, रुपए मांगे तो हो गए आधे

लोग कोरोना की चपेट में आने से बच सके इसलिए उपभोक्ता भंडार के जरिए प्रशासन शहर के विभिन्न मोहल्लों में घरों तक आवश्यक राशन सामग्री पहुंचा रही है। जिससे कि लोग घरों से निकलने से बचे। इसी के तहत शनिवार को शहर के कई मोहल्लों में वाजिब दाम पर राशन सामग्री वितरित करने के लिए सहकारी उपभोक्ता भंडार की गाडिय़ा रवाना हुई।
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ration distribution by jodhpur administration during lockdown

मुक्त में मिलेगी राशन सामग्री यह सोचा उमड़ी भीड़, रुपए मांगे तो हो गए आधे

जोधपुर. दोपहर के करीब साढ़े 12 बज रहे थे। शहर के रातानाडा पांच बत्ती सांसी कॉलोनी में उपभोक्ता भंडार की दो गाडिय़ां आकर खड़ी हुई। पुलिस ने अलाउंस किया कि जिनको भी खाद्यान सामग्री चाहिए वे लोग पहुंचे। देखते ही देखते गाड़ी के निकट सांसी बस्ती के लोगों की भीड़ जुट गई। जिन्हें बाद में व्यवस्थित करने में पुलिसकर्मियों को भी काफी मशक्कत करनी पड़ी। लोगों को लगा कि राशन सामग्री मुक्त में दी जा रही है।

यह सोच कई जने अपने राशन कार्ड तक साथ लेकर पहुंच गए। जब उन्हें पता चला कि राशन सामग्री के लिए रुपए देने होंगे तो आधी से ज्यादा भीड़ कम हो गई। जो बचे उन्हें पुलिस ने व्यवस्थित लाइन में खड़ा किया। करीब एक घंटे से ज्यादा समय तक यहां गाड़ी खड़ी रही। इस दौरान कई जरूरतमंद घर के लिए आटा, दाल, शक्कर व तेल आदि खाद्यान्न सामग्री लेकर घर गए।

लोग कोरोना की चपेट में आने से बच सके इसलिए उपभोक्ता भंडार के जरिए प्रशासन शहर के विभिन्न मोहल्लों में घरों तक आवश्यक राशन सामग्री पहुंचा रही है। जिससे कि लोग घरों से निकलने से बचे। इसी के तहत शनिवार को शहर के कई मोहल्लों में वाजिब दाम पर राशन सामग्री वितरित करने के लिए सहकारी उपभोक्ता भंडार की गाडिय़ा रवाना हुई।

शक्कर 40 में तो मोहल्ले में ही मिल रही है फिर यहां से क्यों ले
राशन सामग्री वितरित करने पहुंची गाड़ी के पास बड़ी संख्या में महिलाएं एकत्रित हो गई। अधिकतर ने भाव की जानकारी ली लेकिन खरीदा कम ने ही। सांसी बस्ती की सुनिता सहित कई महिलाएं यह कहते हुए घर चली गई कि 40 रुपए किलो तो शक्कर उनके मोहल्ले की दुकान पर भी मिलती है तो भला फिर सरकार ने हम गरीबों का क्या सोचा? कम राशि लेते या मुक्त देते तो कुछ राहत मिलती।

लोगों की डिमांड पर कई गाडिय़ा और भेजी
उप रजिस्ट्रार राकेश पुरोहित ने बताया कि शनिवार को शहर के विभिन्न मोहल्लों में खाद्यान सामग्री वितरित करने के लिए 33 गाडिय़ां भेजी। डिमांड के चलते कई मोहल्लों में खाद्यान सामग्री लोड करके वापस भेजा गया। विभिन्न मोहल्लों से फोन भी आते रहे गाडिय़ां भेजनेेके लिए।