
Town Hall of Jodhpur
जोधपुर.
दुर्दशा के शिकार जोधपुर के टाउन हॉल का पुनरुद्धार करने के लिए राज्य सरकार ने विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करवाई है, लेकिन इसमें कई कमियां पाई गई है।
राजस्थान हाईकोर्ट ने न्याय मित्र और राजस्थान संगीत नाटक अकादमी के पूर्व अध्यक्ष को डीपीआर में अपेक्षित बदलाव के लिए चार सप्ताह में सुझाव देने को कहा है।
मुख्य न्यायाधीश प्रदीप नंद्राजोग और न्यायाधीश डॉ. पुष्पेंद्रसिंह भाटी की खंडपीठ में स्वप्रेरणा से दर्ज जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान अतिरिक्त महाधिवक्ता अनिल कुमार गौड़ ने कोर्ट को बताया कि सरकार की ओर से पालना रिपोर्ट पेश कर दी गई है।
इसमें टाउन हॉल के पुनरुद्धार के लिए तैयार करवाई विस्तृत परियोजना रिपोर्ट भी शामिल है। न्याय मित्र सचिन आचार्य ने कहा कि परियोजना रिपोर्ट में कई पहलुओं को शामिल नहीं किया गया है।
इसके बिना टाउन हॉल का समग्र कायाकल्प नहीं हो पाएगा। पूर्व में हाईकोर्ट के आदेश से टाउन हॉल के लिए गठित निरीक्षण समिति के सदस्य तथा राजस्थान संगीत नाटक अकादमी के पूर्व अध्यक्ष रमेश बोराणा ने कोर्ट को बताया कि समिति ने अपनी रिपोर्ट में टाउन हॉल के लिए कई सुझाव दिए थे, लेकिन परियोजना रिपोर्ट में उनका समावेश नहीं किया गया है।
कोर्ट ने लिखित में सुझाव देने के निर्देश देते हुए सुनवाई चार सप्ताह के लिए टाल दी।
Updated on:
06 Mar 2019 07:08 pm
Published on:
06 Mar 2019 07:08 pm
