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रात को उखाड़ ले गए कलेक्ट्रेट के सामने लगे तंबू-बंबू

- आठ साल से चल रहा था जेएनवीयू संघर्ष समिति का धरना
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जोधपुर. जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय शिक्षक भर्ती संघर्ष समिति की ओर से पिछले 8 साल से कलक्ट्रेट के मुख्य द्वार के सामने दिए जा रहे धरने का शामियाना और अन्य सामान बीती रात को अज्ञात व्यक्ति उखाड़ ले गया। गुरुवार सुबह पता चलने पर संघर्ष समिति ने विरोध दर्ज कराया।

जेएनवीयू में वर्ष 2012-13 में हुई 154 शिक्षकों की भर्ती में गड़बड़ी को लेकर 21 दिसंबर 2012 से विश्वविद्यालय के ही पूर्व छात्र छात्राओं, गेस्ट फैकल्टी सहित कुछ लोग कलक्ट्रेट के सामने धरना दे रहे थे। पिछले 8 साल से धरना स्थल पर कोई न कोई आकर बैठता था। समिति के अध्यक्ष आेमप्रकाश भाटी का हाल ही निधन हो गया।

गौरतलब है कि शिक्षक भर्ती के मामले में एसीबी ने एफआईआर दर्ज कर वर्ष 2017 में 6 लोगों को गिरफ्तार किया था। राजभवन के आदेश पर बर्खास्त हुए 34 शिक्षक हाईकोर्ट के आदेश से अभी कार्यरत हैं। मामले में भाजपा सरकार की ओर से गठित प्रोफेसर पीके दशोरा समिति ने भर्ती में गड़बड़ी मानते हुए इसे निरस्त करने की अनुशंसा की थी लेकिन समिति की रिपोर्ट अभी तक सिंडिकेट में नहीं रखी गई है। दिसम्बर २०१९ में कांग्रेस सरकार ने डॉ बीएम शर्मा की अध्यक्षता में एक नई जांच समिति गठित की थी। इसकी भी जांच लगभग पूरी हो गई है।

‘बुधवार सुबह तक धरने का शामियाना लगा था लेकिन गुरुवार सुबह कुछ भी नहीं मिला। कोई अज्ञात सारा सामान उखाड़ ले गया।’
- हरीश जनागल, सदस्य, जेएनवीयू शिक्षक भर्ती संघर्ष समिति

‘पुलिस ने धरना नहीं उखाड़ा और न ही पुलिस को अब तक इस मामले में कोई शिकायत मिली है।’
-राजेश यादव, थानाधिकारी, उदयमंदिर पुलिस थाना