2 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

दत्तक केंद्र की काली करतूत आई सामने, मासूम बच्चों को बेरहमी से पीटकर करते थे अत्याचार, मैनेजर गिरफ्तार

Kanker Crime News: विशेषीकृत दत्तक ग्रहण एजेंसी में बच्चियों के साथ मारपीट का वीडियो सामने आते ही रविवार को महिला बाल विकास संचालनालय के अधिकारियों द्वारा औचक निरीक्षण किया गया।

3 min read
Google source verification
Black act of adoption center, used to torture innocent children, manager arrested

मासूम बच्ची की बेरहमी से पिटाई करती महिला प्रोग्रामर मैनेजर और अब पुलिस की गिरफ्त में।

Chhattisgarh News: कांकेर। महिला एवं बाल विकास विभाग से मिली जानकारी के अनुसार इस समय दत्तक ग्रहण केन्द्र में 0 से 6 साल के 10 बच्चों का पालन पोषण किया जा रहा है। पालन पोषण के लिए विभाग द्वारा फंड दिया जाता है। सिंगारभांट स्थित बालक कल्याण समिति द्वारा इस संस्था का संचालन किया जाता है। उनकी अनुमति के बगैर यहां पर कोई भी प्रवेश नहीं कर सकता है।

वहां के अधिकारी कल्पना ने बताया कि हर 15 दिन में संस्था का निरीक्षण किया जाता है, लेकिन अभी तक मारपीट जैसी घटनाओं की जानकारी नहीं थी। वीडियो आने के बाद घटना की जानकारी मिली है। पुलिस ने प्रोग्रामर मैनेजर के खिलाफ अपराध दर्ज कर गिरफ्तार करते हुए जेल भेज दिया। विशेषीकृत दत्तक ग्रहण एजेंसी में बच्चियों के साथ मारपीट का वीडियो सामने आते ही रविवार को महिला बाल विकास संचालनालय के अधिकारियों द्वारा औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के बाद रिपोर्ट (kanker crime news) कलेक्टर डॉ. प्रियंका शुक्ला को सौंपा दिया, जिसमें प्रारंभिक तथ्य के आधार पर शिकायत की सत्यता पाए जाने पर प्रतिज्ञा विकास संस्थान विशेषीकृत दत्तक ग्रहण अभिकरण को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।

यह भी पढ़े: लेट नाइट जागने से युवाओं को मॉर्निंग डिप्रेशन, बात-बात पर झल्ला रहे

मैनेजर की दबंगई चलती थी

पड़ताल में पाया गया कि दत्तक ग्रहण केन्द्र में बच्चों की सुरक्षा के लिए कैमरा लगाया गया है। प्रोग्रामर मैनेजर सीमा द्विवेदी रात को बंद कर देती थी। इस संस्था में जहां पर बाहरी लोगों का आना जाना पूर्णत: प्रतिबंधित है। वहीं पर रात में कैमरा बंद होने के बाद इस संस्था में बाहरी लोगों का आना जाना भी प्रोग्रामर मैनेजर के संरक्षण पर होता था। इन सबकी जानकारी वहां पर काम करने वाले अन्य कर्मचारियों को हुई तो मारपीट और बाहरी लोगों के आने का विरोध किया। विरोध करने पर उन लोगों को संस्था से बाहर कर दिया गया। बताया जा रहा कि संस्था के संचालक मिश्रा की महिला प्रोग्रामर सीमा द्विवेदी रिश्तेदार थी। यही कारण कि मैनेजर की दबंगई के चलते कोई भी कर्मचारी विरोध नहीं कर पा रहा था।

वीडियो का यह मामला करीब 6 माह पहले का बताया जा रहा है, लेकिन इस प्रकार की क्रूरता अक्सर बच्चों के साथ किया जा रहा था, लेकिन तत्कालीन अधिकारियों ने कार्रवाई नहीं किया। तत्कालीन महिला एवं बाल विकास अधिकारी चंद्रशेखर मिश्रा से संस्था में काम (cg news) करने वाले कर्मचारियों ने की थी लेकिन गंभीरता से नहीं लिया। शासन ने चंद्रशेखर मिश्रा को भी निलंबित कर दिया और उनके खिलाफ अब विभागीय जांच की जाएगी।

यह भी पढ़े: इस तरह से शासकीय कर्मचारी ने लगाया लाखों रुपए का चूना, पुलिस ने किया गिरफ्तार

विभाग के अधिकारी को 6 माह पहले मिली थी मारपीट की सूचना

बताया जा रहा कि मैनेजर द्वारा बच्चों के साथ बेरहमी से मारपीट की घटना की शिकायत पूर्व में भी महिला बाल विकास अधिकारी से किया गया था, लेकिन किसी पर भी कार्रवाई नहीं किया गया जिसके चलते मैनेजर के हौसले और बुलंद हो गए, शिकायत के बाद छोटी छोटी बातों को लेकर इन बच्चोें के साथ और ज्यादा मारपीट होने लगी थी। तत्कालीन महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी ने संस्था को ऐसे जगह संचालन की अनुमति दिया था जहां लोगों आना जाना बहुत कम था।

महिला बाल विकास विभाग अधिकारी भी हुए निलंबित

यतीम बच्चों के साथ बेरहमी से मारपीट का मामला संज्ञान में आते कलेक्टर डॉ. प्रियंका शुक्ला ने प्रोग्रामर मैनेजर सीमा द्विवेदी के खिलाफ (cg crime news) एफआईआर के निर्देश दिए जिसका पालन करते हुए महिला बाल विकास अधिकारी हरिकिर्तन राठौर ने सीमा द्विवेदी के खिलाफ केस दर्ज करा दिया है। घटना के बाद से सीमा द्विवेदी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर प्रोग्रामर मैनेजर के खिलाफ बच्चों के क्रूरता अपराध दर्ज किया है।

यह भी पढ़े: क्रिप्टो कैरेंसी में डूबा लोगों का 4 करोड़, अधिकांश शिक्षक हुए ऐसे शिकार

Story Loader