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रेप के कारण प्रग्नेंट हो गई 14 साल की नाबालिग, इंसाफ दिलाने के बजाए गांव वालों ने कर दी पिटाई और कहा….

नाबालिग और गर्भवती रेप पीडि़ता की सैकड़ों ग्रामीणों के सामने पिटाई का सनसनीखेज मामला सामने आया है।

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रेप के कारण प्रग्नेंट हो गई 14 साल की नाबालिग, इंसाफ दिलाने के बजाए गांव वालों ने कर दी पिटाई और कहा....

रायपुर/कांकेर. छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में एक नाबालिग और गर्भवती रेप पीडि़ता की सैकड़ों ग्रामीणों के सामने पिटाई का सनसनीखेज मामला सामने आया है। बांदे पुलिस थाना क्षेत्र की रहने वाली 14 वर्षीय रेप पीडि़ता के साथ गांव के ही 65 साल के एक बुजुर्ग निराशु विश्वास ने बलात्कार किया था, जिसकी रिपोर्ट बांदे थाने में रविवार को दर्ज कराई गई थी। पुलिस के पास शिकायत दर्ज कराने से पहले ग्रामीणों ने पंचायत बुलाई थी, इसी पंचायत के दौरान रेप पीडि़ता के साथ मारपीट की गई।इस मामले में बलात्कार के आरोपी के साथ-साथ उस व्यक्ति को भी गिरफ्तार कर लिया गया है, जिसने नाबालिग रेप पीडि़ता की पिटाई की।

मारपीट के इस पूरे मामले पर कुछ ग्रामीणों का कहना है कि मामला सामने आने के बाद गांव के कुछ लोग पीडि़ता और उसके परिजनों पर खामोश रहने का दबाव बना रहे थे। जब यह मामला सामने आया, तो पीडि़ता के अलावा उस महिला को भी पीटा गया, जिसके घर पर कथित तौर पर नाबालिग के साथ बलात्कार किया गया।जब यह मारपीट हो रही थी, इसी दौरान किसी ने उसका वीडियो बना लिया था, जो मंगलवार को वायरल हो गया।

वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस के होश उड़ गए और पुलिस छानबीन में जुट गई। इस मामले की जांच कर रहे कांकेर के एडिशनल एसपी राजेंद्र जायसवाल का बयान चौंका देने वाला रहा। उन्होंने पत्रिका से कहा कि पीडि़ता की पिटाई उस पर दबाव बनाने के लिए नहीं, बल्कि इसलिए की गई, जिससे वो सच कह सके।

एडिशनल एसपी राजेंद्र जायसवाल का कहना था कि पीडि़ता के साथ मारपीट करने वाले उनके परिवार के नजदीकी लोग ही थे।उनका कहना था पहले तो पीडि़ता ने उसकी पहचान की तस्दीक नहीं की।जब उसे वीडियो दिखाया गया, तो उसने बताया कि उसे इसलिए मारा गया, क्योंकि वो बलात्कार को लेकर सच बोलने को तैयार नहीं थी। एडिशनल एसपी ने माना कि मेडिकल जांच में पीडि़ता दो माह की गर्भवती पाई गई है। पुलिस के अनुसार बलात्कार के आरोपी ने उक्त लड़की को पड़ोसी महिला के घर में उस वक्त गलत किया था, जब वो महिला बाहर गई हुई थी।

यह घटना लगभग दो माह पहले की थी, लेकिन जब पीडि़ता के परिजनों को उसके गर्भवती होने का पता चला, तो उन्होंने पहले पंचायत बुलाई। जहां पर एक युवक ने पहले पीडि़ता की पिटाई की, उसके बाद कई महिलाओं ने मिलकर उस महिला को जमकर पीटा, जिसके घर पर कथित तौर पर नाबालिग के साथ रेप हुआ था। इन महिलाओं में से एक महिला की पहचान कर ली गई है।

घोर माओवाद प्रभावित कांकेर नाबालिगों से बलात्कार की घटनाओं के लिए कुख्यात रहा है। जिले के नरहरपुर ब्लॉक के झलियामारी गांव में 2013 के दौरान कक्षा एक में पढऩे वाली 16 बच्चियों के साथ बलात्कार का मामला सामने आया था। इस मामले के सम्बन्ध में पता चला है कि पुलिस के पास नाबालिग रेप पीडि़ता के साथ गांव के ही अन्य एक युवक के द्वारा कथित रेप की खबर मिली थी। एडिशनल एसपी का कहना था कि हमने जांच में इस खबर को सही नहीं पाया, अगर ऐसा कुछ होता, तो गैंगरेप का मुकदमा दर्ज किया जाता।

गोविंद वैद्य, ग्राम समिति अध्यक्ष.

जयंती, महिला समिति अध्यक्ष

प्रार्थी सहयोगी

के.एल. धु्रव, पुलिस अधीक्षक, कांकेर