24 अगस्त 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

कन्नौज में बच्चों को बनाया प्रदर्शन का मोहरा, बिस्किट का लालच देकर मासूमों को उकसाने का आरोप, FIR दर्ज

Kannauj School Protest: कन्नौज के सरकारी स्कूल में बच्चों से कथित तौर पर बिस्किट का लालच देकर प्रदर्शन कराने का मामला सामने आया है। जांच के बाद पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई शुरू की।
2 min read
Google source verification

कन्नौज

image

Ankit Sai

Aug 24, 2026

UP Kannauj School Protest

कन्नौज के स्कूल में बच्चों से कराया प्रदर्शन FIR दर्ज (X Photo Narendra Pratap)

UP Kannauj School Protest FIR: कन्नौज के एक सरकारी स्कूल में बच्चों से प्रदर्शन कराने का मामला सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है। आरोप है कि छोटे बच्चों को बिस्किट का लालच देकर और दबाव बनाकर विरोध प्रदर्शन में शामिल कराया गया। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद बेसिक शिक्षा विभाग ने जांच शुरू की। जांच में बच्चों के बयान के आधार पर खंड शिक्षा अधिकारी की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली है। अब पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है कि बच्चों को प्रदर्शन के लिए किसने और क्यों उकसाया।

बच्चों को प्रदर्शन करने के लिए उकसाया गया

मामला गुगरापुर ब्लॉक के कंपोजिट विद्यालय का है। बीते गुरुवार को स्कूल के बच्चों ने विभिन्न मांगों को लेकर विरोध प्रदर्शन किया था। प्रदर्शन का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद बेसिक शिक्षा विभाग ने मामले को गंभीरता से लिया और जांच शुरू कराई। जांच के दौरान अधिकारियों ने बच्चों से भी बातचीत की। इसमें कुछ बच्चों ने कथित तौर पर बताया कि उन्हें बिस्किट का लालच दिया गया था। आरोप है कि बच्चों को प्रदर्शन करने के लिए उकसाया गया और कुछ को धमकाया भी गया।

बच्चों को बनाया गया मोहरा- असीम अरुण

मामले को लेकर समाज कल्याण मंत्री और स्थानीय विधायक असीम अरुण ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि व्यवस्था में खराबी होने पर आवाज उठाना सही है, लेकिन कानून हाथ में नहीं लेना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने साजिश के तहत सरकार को बदनाम करने के लिए छोटे बच्चों को मोहरा बनाया और उनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर पोस्ट कीं।

असीम अरुण ने कहा कि बच्चों का इस्तेमाल इस तरह की गतिविधियों में करना गंभीर मामला है। उन्होंने कहा कि व्यवस्था में किसी तरह की कमी हो तो उसे सही तरीके से उठाया जाना चाहिए।

बच्चों से लगवाए गए आरोप?

जांच में यह बात भी सामने आई कि बच्चों को बहलाकर स्कूल के प्रिंसिपल के खिलाफ आरोप लगाने के लिए उकसाया गया। अधिकारियों ने पूरे मामले में स्कूल से जुड़े कुछ कर्मचारियों की भूमिका की आशंका भी जताई है। हालांकि, अभी यह जांच का विषय है कि बच्चों को प्रदर्शन के लिए किसने तैयार किया, उन्हें बिस्किट किसने दिए और इसके पीछे असल वजह क्या थी।

खंड शिक्षा अधिकारी की शिकायत पर FIR

जांच के बाद खंड शिक्षा अधिकारी विश्वनाथ पाठक की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात अराजक तत्वों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस अब मामले से जुड़े लोगों की पहचान करने और घटना के पीछे की पूरी वजह पता लगाने में जुटी है। कन्नौज के अलावा प्रदेश के कुछ अन्य जिलों के सरकारी स्कूलों में भी विद्यार्थियों के प्रदर्शन की घटनाएं सामने आने की बात कही गई है। ऐसे में इस घटना को लेकर विभाग की निगाहें अब जांच के नतीजे पर हैं।

पुलिस जांच से सामने आएगी पूरी सच्चाई

पुलिस एफआईआर दर्ज करने के बाद मामले की जांच कर रही है। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि बच्चों को प्रदर्शन के लिए किसने उकसाया, बिस्किट देने की बात कितनी सही है और क्या स्कूल से जुड़े किसी व्यक्ति की इसमें भूमिका थी। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और बच्चों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस अब पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ रही है।