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AIMIM के चलते सपा-बसपा में मची खलबली, यहां से चुनाव का आगाज करेंगे ओवैसी

ओवैसी की पार्टी आगामी लोकसभा चुनाव पूरी ताकत के साथ लड़ने जा रही है...
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Asaduddin Owaisi strategy for 2019 Lok Sabha Election

AIMIM के चलते सपा-बसपा में मची खलबली, यहां से चुनाव का आगाज करेंगे ओवैसी

कानपुर. विधानसभा 2017 का चुनाव में भले ही मआलइण्डिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुसलमीन पार्टी का भले ही खाना न खुला हो लेकिन वोट प्रतिशत में इजाफा जरूर हुआ था। निकाय में पहली बार कानपुर नगर से ओवैसी की पार्टी का उम्मीदवार पार्षदी का चुनाव जीतकर नगर-निगम के सदन में पहुंचा। इसी के चलते अब ओवैसी की पार्टी आगामी लोकसभा चुनाव पूरी ताकत के साथ लड़ने जा रही है और पहली सभा का आगाज मजदूरों के शहर से पार्टी के राष्ट्रीय असद्दुद्दीन ओवैसी करेंगे। इसकी भनक जैसे ही सपा, बसपा और कांग्रेस के हुई तो नेताओं में खलबली मच गई। सपा नगर अध्यक्ष ने कहा कि ओवैसी की पार्टीयूपी में अपने उम्मीदवारों की जमानत तक नहीं बचा पाएगी। हां इनके चुनाव में उतरने से कुछ हद तक भाजपा को फाएदा हो सकता है।

80 सीटों पर उतारेंगे कैंडीडेट

भाजपा को हराने के लिए जहां पूरा विपक्ष एक साथ आने पर विचार कर रहा है तो वहीं आलइण्डिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुसलमीन पार्टी के राष्ट्रीय असद्दुद्दीन ओवैसी भी मिशन 2019 में पूरी ताकत के साथ उतरने जा रहे हैं। एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने बताया कि पार्टी आगामी लोकसभा की सभी 80 में से 80 सीटों पर अपने कैंडीडेट उतारेगी। पार्टी पिछले चार से यूपी में जमीन पर काम कर रही है और बड़ी संख्या में दलित, गरीब, किसान और मजदूर हमारे साथ जुड़ रहा है। सपा, बसपा और कांग्रेस ने दलित और मुस्लिम समाज को सिर्फ वोटबैंक समझा। आजादी के सत्तर साल बीत जाने के बाद दोनों समुदाय के लोग आज भी बदहाली की जिंदगी जी रहे हैं। वहीं इनके वोट के दम पर राजेनताओं के घर चमक रहे हैं।

कानपुर में जल्द करेंगे रैली

प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने बताया कि राष्ट्रीय अध्यक्ष असद्दुद्दीन ओवैसी बहुत ही जल्द ही कानपुर आएंगे और एक बड़ी रैली का चुनाव का शंख्दान कर देंगे। इसके बाद वो उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलो में रैली करके प्रदेश की जनता को जोड़ने का काम करेंगे। प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि तीन तलाक ,विकास ,धर्म ,जातिवाद ,शिक्षा ,परिवारवाद ,भाईवाद, किसानों की समस्या जैसे मुद्दों को लेकर पार्टी जनता के बीच जाएगी और मोदी व योगी सरकार की पोल खोलेगी। प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि यूपी के 75 में से लगभग-लगभग 65 जिलों में हमारा संगठन खड़ा हो गया है। पार्टी के कार्यकर्ताओं की फौज बूथों तक पहुंच चुकी है। साथ ही पार्टी दलित समाज को बड़े पैमानें पर जोड़ रही है और उन्हें भाजपा, बसपा और सपा की सच्चाई से अगवत करा रही है।

सपा के चलते हारे चुनाव

प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली के मुताबिक उत्तर प्रदेश में हमारी पार्टी ने बहुत ही कम समय में अपनी पहचान बनायीं है। लोकसभा चुनाव में हमारी पार्टी गठबंधन करेगी ,लेकिन किससे एलान्यंस होगा यह बात पार्टी के मुखिया ही तय करेगे। समाजवादी पार्टी से हमारा एलायंस नही हो सकता है। बीते 2017 के विधानसभा सभा चुनाव में सपा ने हमारे साथ सौतेला व्यव्हार किया था। अस्द्दुद्दीन ओवैसी की दो दर्जन से अधिक जनसभाओं को सपा के निर्देश पर जनसभा करने की अनुमति नहीं दी गयी थी। यदि ओवैसी की जनसभा होती तो पार्टी कई सीटों पर जीत दर्ज करती। जिन विधानसभा सीटो पर हम दूसरे और तीसरे नंबर रहे थे उनमें हमारी जीत तय थी। चुनाव के अंतिम दौर पर जब पार्टी ने चुनाव आयोग से शिकायत की तब जाकर हमें प्रदेश में जनसभा करने की अनुमति मिली थी।

कानपुर में पार्टी का खुला खाता

कानपुर नगर के जिलाध्यक्ष मोहम्मद नाशिर ने बताया कि हमारी तैयारी जमीनी स्तर पर चल रही है। हम लोग घर-घर जाकर मतदाताओं के सामने अपनी बात रख रहे हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव में हमारी पार्टी ट्रंप कार्ड साबित होगी। हमारे साथ सभी समुदाय और वर्ग, जाति के लोग जुड़ रहे हैं। सामान विचारधारा के कार्यकर्ता हैं। हम गंगा यमुनी तहजीब को साथ लेकर चल रहे हैं। ध्रुवीकरण करने वालों और सेकुलर के नाम पर राजनीती करने वालो की सच्चाई सामने लाने का प्रयास कर रहे हैं। जिलाध्यक्ष मोहम्मद नाशिर के मुताबिक 2017 में हुए निकाय चुनाव में हमने हमने जीत हासिल की है। यहां से रामरतन सोनकर पार्षद चुने गए हैं। हम लोग उसी थीम में लोकसभा चुनाव भी लड़ेगे। बूथ स्तर पर और वार्डो और गांवों में जाकर हम तैयारी कर रहे हैं।बड़ी संख्या में युवा पार्टी के कार्यकर्ता बन रहे हैं।