
कानपुर रेलवे स्टेशन पर जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त कार्रवाई में गांजा तस्करी का बड़ा खुलासा हुआ। नियमित चेकिंग के दौरान पुलिस टीम ने 8 किलो 140 ग्राम गांजा बरामद किया, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 10 लाख रुपये से अधिक आंकी गई है। इस मामले में एक शातिर तस्कर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। यह कार्रवाई कानपुर सेंट्रल स्टेशन के हैरिशगंज पुल के पास की गई।
रुकने का किया इशारा तो भागने लगा -
जीआरपी प्रभारी निरीक्षक ओमनारायण सिंह ने बताया कि आरपीएफ प्रभारी निरीक्षक एस.एन. पाटीदार अपनी टीम के साथ स्टेशन परिसर और आसपास के क्षेत्रों में रूटीन चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान हैरिशगंज पुल की दूसरी ओर से एक युवक संदिग्ध हालत में आता दिखाई दिया। पुलिस टीम ने जब उसे रुकने का इशारा किया तो वह घबरा गया और तेजी से भागने लगा। संदेह गहराते ही पुलिसकर्मियों ने पीछा कर युवक को दबोच लिया। तलाशी लेने पर उसके पास मौजूद एक ट्रॉली बैग ने पूरे मामले से पर्दा उठा दिया। बैग खोलते ही उसमें से भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ। मौके पर ही गांजे का वजन कराया गया, जो आठ किलो 140 ग्राम निकला। बरामद मादक पदार्थ को कब्जे में लेकर युवक को जीआरपी थाने ले जाया गया।
पंजाब का रहने वाला है आरोपी -
पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम गुरप्रीत सिंह बताया। वह पंजाब के पटियाला जिले के राजपुरा का निवासी है। आरोपी ने स्वीकार किया कि वह यह गांजा ओडिशा से तस्करी कर लाया था और इसे लखनऊ पहुंचाने की फिराक में था। पुलिस के अनुसार, आरोपी रेलवे मार्ग का इस्तेमाल कर मादक पदार्थों की तस्करी करता था ताकि आसानी से पुलिस की नजर से बच सके।
क्या बोले जीआरपी प्रभारी -
जीआरपी प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि वह किसी बड़े तस्करी गिरोह से जुड़ा है या नहीं। आरोपी का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है और उसके संपर्कों की जानकारी जुटाई जा रही है।
Published on:
01 Mar 2026 08:59 pm
बड़ी खबरें
View Allकानपुर
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
