
बिना डिमॉलेशन और कंपाउंडिंग के हजारों की संख्या में खड़ी हैं अवैध बिल्डिंग्स
कानपुर। शासन के सख्त रवैये के बावजूद केडीए के एनफोर्समेंट इम्प्लाइज की मिलीभगत से अवैध निर्माणों का सिलसिला जारी है. करंट फाइनेंशियल ईयर में अवैध निर्माणों की संख्या 300 पार कर चुकी है. सेटिंग-गेटिंग के खेल के कारण केडीए कर्मी न तो उनकी कम्पाउडिंग करा पा रहे हैं और न ही उनका डिमॉलेशन. आज यानि कि मंगलवार को केडीए की नई वीसी अवैध निर्माणों की समीक्षा करेंगी. इससे एनफोर्समेंट टीम में अफरातफरी मची हुई है. वह बहाने तलाशने में लगे हुए हैं.
सामने आ चुके हैं कई मामले
केडीए के कर्मचारी अवैध निर्माणों का खेल लंबे समय से खेल रहे हैं. कुछ समय पहले कल्याणपुर में धमकाकर एक एयरफोर्स कर्मी से अवैध वसूली का मामला भी सामने आ चुका है. इसी तरह के एक मामले केडीए के असिसटेंट इंजीनियर को सीबीआई गिरफ्तार भी कर चुकी है. बावजूद इसके मोटी कमाई के चलते अवैध निर्माण कराने का खेल जारी है. किदवई नगर, साकेत नगर, गोविन्द नगर, काकादेव गुमटी, तुलसी नगर, कल्याणपुर, विकास नगर, आजाद नगर, स्वरूप नगर, जवाहर नगर, जूही आदि मोहल्लों में अवैध रूप से अपार्टमेंट तनते जा रहे हैं.
नहीं बची हैं संकरी गलियां
बताया गया है कि अवैध निर्माणों से मनीराम बगिया, दाल मंडी, नयागंज, चमनगंज, बांसमंडी, बेकनगंज आदि मोहल्लों की सकरी गलियां भी नहीं बची हैं. पूर्व केडीए वीसी जयश्री भोज ने सैकड़ों की संख्या में अवैध बिल्डिंग सील कराई थीं. उनके ट्रांसफर के बाद सील की गई ज्यादातर बिल्डिंग्स में एनफोसमेंट टीम की मिलीभगत से सील तोड़कर अवैध निर्माण कर लिए गए हैं.
जताई जा रही है सख्ती की संभावना
केडीए की नई वीसी किंजल सिंह मंथली प्रोग्रेस रिपोर्ट की मीटिंग में अपने तेवर दिखा चुकी हैं. इससे मंगलवार को होने वाली समीक्षा बैठक को लेकर केडीए की एनफोर्समेंट टीम में अफराफरी मची हुई है. वह सोमवार को भी आकड़ेबाजी करते रहे. हालांकि, केवल जून तक ही सैकड़ों की संख्या में ध्वस्तीकरण आदेश जारी किए जाने के बावजूद गिनती के ही अवैध निर्माणों का डिमालेशन व कम्पाउंडिंग हुई है. इससे मंगलवार को होने वाली मीटिंग में केडीए वीसी किंजल सिंह के सख्त रुख अपनाए जाने की संभावना जताई जा रही है. इससे इंफोर्समेंट टीम के इंजीनियर्स पूरा दिन बहाने तैयार करने में लगे रहे.
Published on:
18 Sept 2018 10:59 am
