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फर्जी जमीन बेचकर बन गया करोड़पति, यूपी से लेकर राजस्थान तक कैसे चलाता था काला धंधा

कानपुर में एक भूमाफिया को पुलिस ने धर-दबोचा। ये भूमाफिया यूपी से लेकर राजस्थानी और जयपुर में लोगों को फर्जी जमीनें बेच रहा था।

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Bikaner Crime: दुकान में चोरी करने का आरोपी चढ़ा पुलिस के हत्थे

Bikaner Crime: दुकान में चोरी करने का आरोपी चढ़ा पुलिस के हत्थे

फर्जीवाड़ा कर जमीनें बेचने वाली वीएसीएल कंपनी के मालिक और भूमाफिया बृजेंद्र चौहान को पुलिस ने उसके जयपुर में धोखाधड़ी, षड्यंत्र रचने, सेवन सीएलए समेत अन्य धाराओं में 11 एफआईआर दर्ज हैं। उसने फर्जीवाड़ा कर सैकड़ों लोगों से करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी की। बृजेंद्र लोगों को सस्ते में जमीन देने का सपना दिखाकर रकम हड़प लेता था। विकास नगर निवासी बृजेंद्र कुछ दिनों से पनकी सी ब्लॉक में रह रहा था। पुलिस की निगरानी भूमाफिया कई दिनों से नजरों में चढ़ा हुआ था।

कानपुर समेत यूपी के कई जिलों और राजस्थान में रियल इस्टेट कंपनी बनाकर लोगों के साथ धोखाधड़ी की थी। वहां की पुलिस को भी उसकी तलाश थी। बिनगवा में अर्बन सीलिंग की सरकारी जमीन पर कब्जा देने के मामले में बृजेंद्र प्रताप चर्चा में आया था। यहां हुई प्लॉटिंग को केडीए ने ध्वस्त कर दिया था। बेघर परिवारों ने वीएसीएल कंपनी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। बृजेंद्र ने 2018 में बिनगवां में अर्बन सीलिंग की जमीन पर 300 लोगों को प्लॉट बेच दिए थे। प्रशासन की ओर से बृजेंद्र को भूमाफिया घोषित कर दिया गया था। कल्याणपुर इंस्पेक्टर अशोक दुबे ने फोर्स के साथ उसे धर-दबोचा। पुलिस पूछताछ करने के साथ ही काले धंधे में शामिल अन्य का भी नाम जानेगी। यह भी पता लगाया जा रहा कि जयपुर और राजस्थान में भी कोई गुर्गे तैयार कर रहे होते।

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ऐसे बना भूमाफिया

शातिर बृजेंद्र को डीएम ने चार दिन पहले एंटी भूमाफिया टास्क फोर्स की बैठक में भूमाफिया घोषित किया था। तब से उस पर कार्रवाई की तलवार लटक रही थी। फिर भी वह बेखौफ होकर घूम रहा था। डीएम नेहा शर्मा बृजेंद्र को गिरफ्तार कर लिया गया है। पहले ही उसे भूमाफिया घोषित किया जा चुका है। अब रिकवरी कराकर लोगों का पैसा वापस दिलाया जाएगा। अगर नहीं हो सका तो उसकी संपत्तियों को कुर्क कराया जाएगा। जल्द से जल्द कार्रवाई की जाएगी।

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