
Civil surgeon pulls for posting at Katni district hospital
कटनी. जिला अस्पताल में पिछले दो दिन से डॉक्टरों के बीच आगे निकलने की होड़ लगी हुई है। कारण यह है कि वर्तमान सिविल सर्जन डॉ. केपी श्रीवास्तव ने वरिष्ठ अधिकारियों को पद से मुक्त करने आग्रह किया है। ऐसे में सिविल सर्जन की कुर्सी पाने के लिए अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सकों ने अपने नाम पर मुहर लगवाने के लिए कवायद शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार तत्कालीन सिविल सर्जन डॉ. उमेश नामदेव के स्थानांतरण के बाद वरिष्ठता क्रम के आधार पर प्रथम और द्वितीय वरिष्ठ डॉक्टरों की असहमति के बाद तीसरे स्थान पर रहने वाले डॉ. केपी श्रीवास्तव को सिविल सर्जन बनाया गया। सूत्रों की मानें तो स्टॉफ सहित सुविधाओं की भारी कमी के बीच बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मुहैया करा पाना अधिकारियों के लिए किसी समस्या से कम नहीं है। ऐसे में सीएस के स्तीफे की सुगबुगाहट से अस्पताल के दो चिकित्सक डॉ. एसके शर्मा व डॉ. एसके निगम बड़ी वजनदारी के साथ अपनी-अपनी दावेदारी पेश कर रहे हैं। दोनों ही चिकित्सकों ने सीएमएचओ को भी पत्राचार किया है। शासन के दिशा-निर्देश के मुताबिक प्रदेश के किसी भी जिला अस्पताल में पदस्थ वरिष्ठतम प्रथम श्रेणी विशेषज्ञ को सीएस बनाया जाता है। यदि प्रथम या अन्य असहमति देते हैं तो जो सहमत है उसे प्रभार दिया जाता है।
यह है डॉक्टरों की वरिष्ठता सूची
जिला अस्पताल में प्रथम श्रेणी में डॉ. आरके अठ्या, द्वितीय श्रेणी में डॉ. वीवीएस दिखित हैं जो अभी वीआरएस में हैं, तृतीय तत्कालीन सीएस डॉ. केपी श्रीवास्तव, चतुर्थ में डॉ. आरबी सिंह, पांचवें स्थान पर डॉ. एसके शर्मा, छठवें स्थान पर डॉ. एसके शुक्ला, ७वें में डॉ. पीडी सोनी, ८वें में डॉ. मनोरमा गुप्ता, ९वें में दिनेश बड़ोन्या, १०वें स्थान पर डॉ. एसके निगम व ११ वें स्थान पर डॉ. एसपी सोनी हैं।
स्वास्थ्य कारणों से दे रहा हूं स्तीफा
मेरा स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता है। विभागीय काम अधिक होते हैं जिससे परेशानी होती है। इन्हीं कारणों से मैं सीएस के पद से स्तीफा दे रहा हूं। स्तीफे के संबंध में अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है। लगभग एक सप्ताह के अंदर सिविल सर्जन के पद से स्तीफा दे दूंगा।
डॉ. केपी श्रीवास्तव, सिविल सर्जन।
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नियम के अनुसार मुझे बनाया जाना चाहिए सीएस
शासन के नियम के अनुसार सीएस की नियुक्ति वरिष्ठतम प्रथम श्रेणी विशेषज्ञ के आधार पर होती है। मेरा क्रम पांचवे स्थान पर है। पहले और चौथे क्रम के चिकित्सक ने मुझे सहमति दी है। दूसरे क्रम के चिकित्सक वीआरएस में हैं। तीसरा क्रम सीएस का है। नियम के अनुसार मुझे सीएस बनाया जाना चाहिए। सीएस बनाए जाने के लिए मैने अधिकारियों को आवेदन भी दिया है।
डॉ. एसके शर्मा, मेडिकल स्पेशलिस्ट।
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सिविल सर्जन बनने के लिए डॉ. एसके निगम व एसके शर्मा ने दावेदारी की है। मामले में वरिष्ठता क्रम को ध्यान में रखते हुए फाइल तैयार कराई जा रही है। सीएस की नियुक्ति के लिए कलेक्टर को निर्णय लेना है।
डॉ. अशोक अवधिया, सीएमएचओ।

Published on:
28 Dec 2017 11:45 am
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