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बंगाली डॉक्टर हत्याकांड का खुलासा, बुखार का बहाना बनाकर की हत्या

साल में एक बार बंगाली डॉक्टर दिसंबर के माह में अपने गांव पश्चिम बंगाल परिवार उस समय साल भर इलाज से कमाया रूपया भी ले जाता है.

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बंगाली डॉक्टर हत्याकांड का खुलासा, बुखार का बहाना बनाकर की हत्या

बंगाली डॉक्टर हत्याकांड का खुलासा, बुखार का बहाना बनाकर की हत्या

कटनी. बंगाली डॉक्टर को लूटने के चक्कर में आरोपियों ने पहले उसे जान से मार दिया, फिर उसके यहां रखे रुपए, अंगूठी और मोबाइल लेकर फरार हो गए, जब पुलिस ने इस केस में डॉग की सहायता से जांच की तो पूरा मामला सामने आया गया।

ढीमरखेडा पुलिस द्वारा ग्राम भमका में दिनांक 27 नवंबर को बंगाली डॉक्टर उर्फ प्रदीप रॉय की उसके क्लीनिक में रक्त रंजित लाश मिलने के अंधे हत्या काण्ड का खुलासा कर विधि विरुद्ध किशोर को पकडने में सफलता प्राप्त की है। ग्राम भमका निवासी अशोक कुमार पटेल द्वारा पुलिस को सूचना दी गई की ग्राम भमका में रहकर प्रायवेट ईलाज करने वाले बंगाली डॉक्टर उर्फ प्रदीप रॉय के पुत्र प्रोसेन राय ने पश्चिम बंगाल से फोन कर बताया है कि दो दिन से पिता का मोबाईल फोन बंद आ रहा है। जो अशोक कुमार पटेल द्वारा बंगाली डॉक्टर के घर और क्लीनिक पर ताला लगा हुआ पाया तो खिडकी को धक्का देकर खोलकर देखने पर क्लीनकि के फर्श पर खून पडा हुआ दिखा। रात में सूचना मिलने पर पुलिस द्वारा ग्राम भमका में बंगाली डॉक्टर के दरवाजे में लगा ताला तोडकर अंदर झांककर देखा तो उसका रक्त रंजित शव फर्श पर पडा हुआ था। जो मौके पर ही पुलिस द्वारा अशोक पटेल की सूचना पर बंगाली डॉक्टर प्रदीप राय की संदिग्ध मृत्यु की देहाती मर्ग इंटीमेशन 0/22 धारा 174 जा.फौ. लेख बद्व की और घटना स्थल पर पुलिस बल लगाया जाकर घटना स्थल रात्रि में सुरक्षित किया गया। थाना ढीमरखेडा पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच की गई।

मृतक प्रदीप रॉय पशिचम बंगाल के नदिया जिले के थाना रानाघाट अंतर्गत ग्राम पानपरा का रहने वाला था और करीब 20-22 सालों से ग्राम भमका में रहकर प्राइवेट इलाज करता था, गावं के लोगों ने बंगाली डाक्टर को अपना भगवान बताया जो ग्राम भमका सहित आसपास के 8 - 10 ग्रामों में कभी भी किसी के भी इलाज के लिए तैयार रहता था। पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार जैन कटनी के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार केडिया तथा एस.डी.ओ.पी. स्लीमनाबाद मोनिका तिवारी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी ढीमरखेडा निरीक्षक अरविंद जैन ने वैज्ञानिक अधिकारी एफएसएल मोबाइल यूनिट जबलपुर डॉक्टर नीता जैन एंव फिंगर प्रिंट उप निरीक्षक रमेश कुमार प्यासी, पुलिस डाग जस्सी मय पुलिस डाग हेन्डलर आरक्षक भूमि पटेल के साथ घटना स्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य संकलन किया।

सर्व प्रथम पुलिस डाग जस्सी को मृतक बंगाली डॉक्टर प्रदीप राय की शव की गंध दिलाई जाने पर पुलिस डाग जस्सी शव मिलने के कमरे से निकलकर पीछे के रास्ते से विधि विरुद्ध किशोर के घर पर किशोर के कमरे जा पहुंचा और उसके उपरांत बस्ती से लगे खेत में उस सथान तक ले गया जहा से पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे। पुलिस को विधि विरुद्ध किशोर बालक पर संदेह करने का प्रथम साक्ष्य पुलिस डाग से मिला। तत्पश्चात फिंगर प्रिंट उप निरीक्षक मुकेश कुमार प्यासी को शव मिलने के कमरे की टेबल पर दो रक्तरंजित दृश्य चांस फिंगर प्रिंट मिले जिन्हें विधिवत सुरक्षित किया गया । एफ.एस.एल. वैज्ञानिक अधिकारी डॉक्टर नीता जैन के मार्गदर्शन में मर्ग जांचकर्ता निरीक्षक अरविंद जैन थाना प्रभारी ढीमरखेडा द्वारा घटना स्थल से भौतिक साक्ष्य जप्त कर मृतक का पी.एम. कराया गया । बी. एम.ओ. समुदायिक स्वास्थ केंन्द्र उमरियापान डॉक्टर बी. के. प्रसाद द्वारा मृत्यु का कारण सिर घर आई गंभीर चोंटो एंव गला घोटने से होना बताया। मर्ग जांच पर दिनांक 30.11.22 को थाना ढीमरखेडा में अज्ञात आरोपी के विरूद्ध अपराध कंमाक 476 / 22 धारा 302 भा.द.वि. पंजीबद्ध किया जाकर प्रकरण की विवेचना निरीक्षक अरविंद जैन द्वारा की गई।


पुलिस डाग जस्सी द्वारा दिये गये प्रथम सुराग पर पुलिस को सफलता मिली और ढीमरखेडा पुलिस द्वारा बंगाली डॉक्टर की हत्या की वारदात को अंजाम देने वाले दो विधि विरुद्ध किशोर बालक का खुलासा किया गया। पुलिस को पूछताछ में लिखाए मेमोरंडम में विधिविरुद्ध किशोर बालक ने बताया है कि उन्हे इस बात की जानकारी थी कि साल में एक बार बंगाली डॉक्टर दिसंबर के माह में अपने गांव पश्चिम बंगाल परिवार उस समय साल भर इलाज से कमाया रूपया भी ले जाता है, इसलिए दोनो किशोर बालक ने पास जाता है और योजना बनाकर 26 एवं 27 नवम्बर 2022 की दरम्यानी रात में दो बजे बंगाली डॉक्टर को तेज बुखार के लिये इलाज के लिये आवाज देकर सोते से उठाया और डॉक्टर के द्वारा दरवाजा खोलने पर अंदर जाकर एक किशोर बालक ने अपने गमछे से डॉक्टर का गला घोंटा और दूसरे किशोर बालक ने साथ में बढई के काम में आने वाला औजार गुलाम से डाक्टर के सिर पर गंभीर गहरी चोट कारित की जिससे खून बहने से मौके पर ही डॉक्टर की मौत हो गई तब दोनो विधिविरुद्ध किशोर बालक डॉक्टर की क्लीनिक की टेबल की ड्राज में रखे पच्चीस हजार रूपये नगद एंव मृतक का मोबाईल अंगूठी लेकर घर के दरवाजे पर ताला लगा कर भाग गए। पुलिस ने एक विधिविरुद्ध किशोर बालक से रक्त रंजित चप्पलें मृतक के नगदी 20000 /- रूपये एंव अंगूठी बरामद कर ली है एंव दूसरे फरार चल रहे विधिविद्ध किशोर बालक की तलाश पुलिस टीम द्वारा की जा रही है।

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पुलिस अधीक्षक कटनी सुनील कुमार जैन के द्वारा वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर अंधे हत्या कांड के खुलासा करने में टी.आई. अरविंद जैन और उनकी टीम सहायक उपनरीक्षक जयंचद पटेल सहायक उपनिरीक्षक महेश झारिया सहायक उपनिरीक्षक मनोज कुडापे प्रधान आरक्षक दीपक श्रीवास प्रधान आरक्षक मनोज ठाकुर आरक्षक मंजय यादव आरक्षकदेवेन्द्र अहिरवार डाग हेंडलर आरक्षक भूमि पटेल को पुरूष्कृत करने की घोषणा की है।

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