
Lpg gas
कटनी. नवरात्रि के बीच शहर में एलपीजी गैस संकट गहराता जा रहा है। उपवास के दिनों में गैस की मांग बढऩे के साथ ही वितरण व्यवस्था लडखड़़ा गई है। सोमवार को दो दिन के अवकाश के बाद गैस एजेंसियों पर भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जहां उपभोक्ताओं को लंबी कतारों में खड़ा होकर भी सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है। माधवनगर सहित शहर के कई हिस्सों में सुबह से ही लोग खाली सिलेंडर लेकर एजेंसियों के बाहर पहुंच गए। स्थिति यह रही कि कई स्थानों पर सीमित स्टॉक आने के बाद कुछ ही लोगों को सिलेंडर मिल पाया, जबकि बाकी उपभोक्ताओं को मायूस होकर लौटना पड़ा। लोगों का आरोप है कि बुकिंग के सात दिन बाद भी गैस की डिलीवरी नहीं हो रही है, जिससे उन्हें एजेंसियों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
जानकारी के अनुसार जिले में तीन प्रमुख तेल कंपनियों की करीब 25 गैस एजेंसियां संचालित हैं, जिनसे 3 लाख 61 हजार से अधिक उपभोक्ता जुड़े हुए हैं। सामान्य दिनों में प्रतिदिन 5500 से 5600 सिलेंडरों की खपत होती है, लेकिन इन दिनों मांग में लगभग 30 प्रतिशत तक वृद्धि दर्ज की गई है। अचानक बढ़ी मांग और सप्लाई में असंतुलन के कारण वितरण व्यवस्था प्रभावित हो रही है।
घरों तक सिलेंडर पहुंचाने वाले हॉकरों के माध्यम से सप्लाई भी प्रभावित हो रही है। कई उपभोक्ताओं का कहना है कि उन्हें समय पर सिलेंडर नहीं मिल रहा, जिससे मजबूरी में खुद एजेंसी पहुंचना पड़ रहा है। वहीं कुछ स्थानों पर गाड़ी आने के बाद सीमित संख्या में सिलेंडर बांटकर सप्लाई रोक दी जाती है।
गैस एजेंसियों में केवाईसी प्रक्रिया भी उपभोक्ताओं की परेशानी का बड़ा कारण बन रही है। केवाईसी अपडेट कराने के लिए बड़ी संख्या में लोग एजेंसियों पर पहुंच रहे हैं, लेकिन धीमी प्रक्रिया और तकनीकी दिक्कतों के चलते कार्य समय पर नहीं हो पा रहा। नई बस्ती स्थित एजेंसी में दिनभर उपभोक्ताओं की भीड़ लगी रही, जहां लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ा।
ग्रामीण क्षेत्रों में बुकिंग के बीच 45 दिन और शहरी क्षेत्रों में 25 दिन का अंतराल निर्धारित है, जिससे समय पर सिलेंडर नहीं मिलने की समस्या और बढ़ गई है। कई घरों में गैस खत्म होने के बाद लोगों को वैकल्पिक व्यवस्था करनी पड़ रही है, जिससे असंतोष बढ़ रहा है।
कलेक्ट्रेट के सामने स्थित गैस एजेंसी में भीड़ इतनी अधिक हो गई कि कर्मचारियों को स्थिति संभालना मुश्किल हो गया। कुछ स्थानों पर बहस और विवाद की स्थिति भी बनी। लोगों का कहना है कि प्रत्येक गैस एजेंसी पर कम से कम एक पुलिसकर्मी की तैनाती होनी चाहिए, ताकि भीड़ को नियंत्रित किया जा सके और किसी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।
गैस एजेंसियों का कहना है कि बढ़ती मांग को देखते हुए मंगलवार को अधिक मात्रा में सिलेंडर की सप्लाई की जाएगी, जिससे स्थिति कुछ हद तक सामान्य होने की उम्मीद है। हालांकि उपभोक्ताओं को अभी भी राहत मिलने का इंतजार है। शहर में लगातार बन रही इस स्थिति ने यह साफ कर दिया है कि मांग और सप्लाई के बीच संतुलन नहीं बैठ पा रहा है। यदि जल्द ही वितरण व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में यह समस्या और गंभीर रूप ले सकती है।
Updated on:
24 Mar 2026 11:03 am
Published on:
24 Mar 2026 11:03 am
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