
Gujarat Crime News : बिजली चोरी की जांच करने आए डिप्टी इंजीनियर पर हमला
खंडवा. दोपहिया वाहन चोरी करने वाले गिरोह के सरगना ने महाराष्ट्र के अलग अलग हिस्सों में कई दोस्त बना रखे हैं। इन्हीं की मदद से वह मप्र से चोरी किए हुए वाहनों को महाराष्ट्र के ग्रामीण इलाकों में बेचता था। पुलिस ने महाराष्ट्र के अलग अलग हिस्सों में दबिश देकर फिर तीन वाहन जब्त किए हैं और एक गाड़ी आरोपियों की निशादेही पर बुरहानपुर जिले से मिली है। गिरोह सरगना और उसके एक साथी का पांच दिन का पुलिस रिमांड रविवार को पूरा हो जाएगा। जिसके बाद दोनों आरोपी अदालत में पेश किए जाएंगे।
पुलिस ने किया था खुलासा
गौरतलब है कि 8 मई को वाहन चोर गिरोह के अपराधों का खुलासा करते हुए पुलिस अधीक्षक विवेक सिंह ने बताया था कि गिरोह के नौ सदस्यों के कब्जे से 40 मोटर साइकिल जब्त की गई हैं। इनमें खंडवा समेत आस पास के जिलों के वाहन शामिल थे। खुलासे के बाद पुलिस ने आरोपियों को रिमांड पर लिया था।
डायरेक्ट कर देते हैं स्टार्ट
पूछताछ के दौरान थाना प्रभारी परसराम डावर ने अब गिरोह सरगना परसराम यादव (40) निवासी जामनिया कला थाना खालवा और पप्पू बीड़कर (42) निवासी वार्ड 8 रामनगर खंडवा के बताने पर चार वाहन फिर जब्त किए हैं। इनमें तीन गाड़ी महाराष्ट्र के सावली खेड़ा में मिलीं और एक गाड़ी चिड़ीमाल बुरहानपुर से जब्त की गई है। आरोपियों ने पुलिस को बताया कि जो गाड़ी बिना लॉक मिलती थी या फिर जो डायरेक्ट करने पर आसानी से स्टार्ट हो जाती है, ऐसी गाड़ी उनके निशाने पर होती थीं।
भरोसे में लेकर देते थे धोखा
आरोपियों ने पुलिस को यह भी बताया कि गाड़ी का सौदा सेकेंड हैंड बताकर ही किया जाता था। कागज नहीं होने पर तय रकम से करीब 5 या 10 हजार रुपए छोड़ देते थे ताकि गाड़ी खरीदने वाले को भरोसा रहे कि दस्तावेज मिल जाएंगे। लेकिन आरोपी उतनी रकम लेकर ही रास्ता बदल लेते थे जो पहली बार मिल जाती थीं। सेकेंड हैंड गाड़ी बताने से उसकी कीमत भी अच्छी मिलती थी।
Published on:
15 May 2022 11:24 am
बड़ी खबरें
View Allखंडवा
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
