खंडवा.
ओंकारेश्वर में 21 सितंबर को होने वाले एकात्म धाम लोकार्पण और आदि गुरु शंकराचार्य की प्रतिमा अनावरण को लेकर यज्ञ स्थल की सारी व्यवस्थाओं पर बारिश ने पानी फेर दिया है। यज्ञ स्थल पर होने वाला अनुष्ठान अब संतों ने अपने विश्राम स्थल होटलों में शुरू कर दिया है। कोठी, मोरटक्का, ओंकारेश्वर स्थित होटलों में ओम नम: शिवाय मंत्र की गूंज सुनाई दे रही है। यज्ञ शाला और प्रतिमा अनावरण स्थल पर व्यवस्थाओं के लिए सोमवार को पांच घंटे ओंकारेश्वर बांध का पानी रोककर सामग्री पहुंचाई गई। कलेक्टर, एसपी भी मौके पर पहुंचे।
सोमवार को जबलपुर से महामंडलेश्वर स्वामी अखिलेश्वरानंद महाराज अपने शिष्यों सहित कोठी स्थित होटल पहुंचे। वहीं, केरल से 125 संतों का जत्था भी सोमवार को कोठी पहुंचा। बारिश के चलते यज्ञ शाला का रास्ता बंद होने और वहां पानी भरा होने से केरल के संतों ने होटल में ही पारायण करना शुरू कर दिया है। केरल से आए संत अपना भोजन भी स्वयं ही बना रहे है। वहीं, मोरटक्का स्थित होटल में भी संतों द्वारा धार्मिक अनुष्ठान व जाप किया जा रहा है। सोमवार को कलेक्टर अनूप कुमार सिंह व प्रशासनिक अमला भी ओंकारेश्वर पहुंचा। यहां कलेक्टर ने यज्ञ शाला पहुंच मार्ग सहित प्रतिमा अनावरण स्थल और अन्य स्थानों पर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। यज्ञ शाला में युद्ध स्तर पर कार्य किए जाने के निर्देश भी उपस्थित अधिकारियों को दिए है।
बांध का पानी रुकवाना पड़ा
नर्मदा कछार में भारी बारिश और ऊपरी बांधों से छोड़े जा रहे पानी के चलते ओंकारेश्वर बांध का जल स्तर बढऩे पर सभी 23 गेट खोले गए थे। बांध से छोड़े जा रहे पानी के कारण यज्ञ शाला को जाने वाला रपटा भी पानी में डूब गया था। यहां प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम और यज्ञ शाला की व्यवस्थाओं को सूचारू करने के लिए प्रशासन ने सोमवार को एनएचडीसी से कहकर पानी रुकवाया। दोपहर 12 से शाम 5 बजे तक बांध के सभी गेट बंद रहे। जिसके बाद प्रतिमा अनावरण स्थल तक सामग्री पहुंचाई गई। शाम 5 बजे के बाद बांध के 8 गेट फिर खोले गए।