
नामांकन के पहले भी संभावित प्रत्याशियों के कार्यक्रमों पर रहेगी नजर
कोरबा. आगामी विधानसभा चुनाव में प्र्रत्याशियों की खर्च सीमा बढ़कर 16 से 28 लाख रूपए कर दी गई है। नामांकन के बाद से आयोग उनके खर्च का हिसाब रखना शुरू कर देगा। हालांकि नामांकन के पहले आयोग संभावित प्रत्याशियों के कार्यक्रम पर भी नजर रखेगा।
शनिवार को कलेक्टोरेट में मीडिया से चर्चा करते हुए कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी मो कैसर अब्दुल हक ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारी की जा रही है। सभी पहलुओं पर ध्यान दिया जा रहा है। 18 साल से अधिक उम्र के युवाओं का नाम मतदाता सूची में जोड़े जाने के लिए बूथ स्तर पर पहल की जा रही है। जनवरी से लेकर अब तक 9248 नए वोटर जोड़े गए हैं। इस बार कुल 18190 युथ वोटर विधानसभा चुनाव में वोट देंगे। पिछले बार विधानसभा चुनाव में प्रत्याशियों के खर्च की सीमा अधिकतम 16 लाख रूपए की गई थी। जिसे चुनाव आयोग ने इस बार बढ़ाकर 28 लाख रूपए कर दिया है।
कलेक्टर ने बताया कि वोटर के वोट देते ही एक पर्ची सामने आएगी। जिससे कई बार होने वाले विवाद की स्थिति में पर्ची से भी गिनती कराई जा सकती है। इसके अलावा दिव्यांग वोटरों के लिए भी अलग से व्यवस्था करने की तैयारी की जा रही है। ऐसे वोटरों के बूथ देखे जा रहे हैं उन जगहों पर व्हीलचेयर सहित अन्य सामानों की व्यवस्था की जाएगी। कलेक्टर के साथ एडीएम प्रियंका महोबिया, डिप्टी कलेक्टर कमलेश नंदनी साहू भी उपस्थित थीं।
पूरी चुनावी प्रक्रिया इस बार आईटी कॉलेज में, कटघोरा कॉलेज के भी गया प्रस्ताव
इस बार पूरी चुनावी प्रक्रिया झगहरा स्थित आईटी कॉलेज में सम्पन्न कराई जाएगी। हर बार पीजी कॉलेज व पॉलिटेक्निक कॉलेज से ईवीएम मशीनों का वितरण से लेकर मतगणना के कार्य कराए जाते थे। अब यह प्रक्रिया आईटी कॉलेज से पूरी की जाएगी। हालांकि प्रशासन इसकी भी तैयारी में है कि कटघोरा व पाली तानाखार विधानसभा की प्रक्रिया कटघोरा स्थित मुकुटधर पांडे महाविद्यालय से कराई जाए। इसके लिए अनुमति निर्वाचन आयोग से नहीं मिल सकी है। लेकिन निकाय चुनाव में चार निकायों के मतों की गणना कटघोरा से हुई थी।
थर्ड जेंडर के लिए 27 को सम्मेलन
जिले मेें कुल 268 थर्ड जेंडर वोटर हैं। समाज एवं कल्याण विभाग की ओर से 27 अगस्त को सीतामणी में इनका सम्मेलन किया गया है। वोटर किस बूथ से हैं। अगर किसी का नाम सूची में शामिल नहीं हो सका है। उसे ऑन द स्पॉट आवेदन लेकर जोडऩे की प्रक्रिया की जाएगी।
संवेदनशील केन्द्र 475, सेक्टर की संख्या बढ़कर हुई 111
इस बार चारों विधानसभा में संवेदनशील केन्द्रों की कुल संख्या 475 है। जहां जो कि दूरदराज क्षेत्र व जिले के अंतिम छोर पर है। ऐसे जगहों पर चुनावी के समय सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जाएगी। वहीं सेक्टरों की संख्या 85 से बढ़कर इस बार 111 कर दी गई है।
32 मतदान केन्द्रों में बिजली नहीं, एक माह में पूरी होगी व्यवस्था
कलेक्टर ने बताया कि जिले के कुल 32 मतदान केन्द्रों में बिजली नहीं है। उनके लिए निर्देश दिया गया है कि हर हाल में इन जगहों पर एक माह के भीतर बिजली की पूरी व्यवस्था की जाएं। इसी तरह पर्याप्त रैम्प, शौचालय, खिड़की सहित अन्य व्यवस्था को पूरा करने अधिकारियों को निर्देश दिया गया है। वहीं पोड़ीउपरोड़ा ब्लॉक में आने वाले बोड़ानाला जो कि सतरेंगा के समीप है। इस बार वहां के लोगों को नांव से वोट देना नहीं जाना पड़ेगा। ऐसे दो केन्द्रों का जगह बदला जा रहा है।
Published on:
25 Aug 2018 07:43 pm

बड़ी खबरें
View Allकोरबा
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
