
CG Heavy Storm: छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में शनिवार को चली आंधी से हुए नुकसान के सर्वे का काम शुरू हो गया है। नगर निगम के राजस्व अमले ने एसईसीएल की मानिकपुर क्षेत्र में स्थित विभिन्न हिस्सों का दौरा किया और तूफान से हुए नुकसान का आंकलन किया है।
प्रारंभिक सर्वे में पता चला है कि एसईसीएल की मानिकपुर कालोनी और इससे लगी बस्तियों में आंधी ने बड़ी तबाही मचाई है। 30 से 35 मकानों को नुकसान पहुंचा है। पांच बड़े पेड़ उखड़कर गिर गए हैं। इसमें पीपल और बरगद के अलावा नीम के पेड़ शामिल हैं।
मानिकपुर बाजार के पास स्थित आम का एक बड़ा पेड़ आंधी में टूटकर गिर गया है। इसके अलावा दो दर्जन से अधिक बड़े पेड़ों की डालियां भी टूटकर इधर-उधर गिरी है। स्थानीय पार्षद नारायण लाल कुर्रे की मांग पर नगर निगम के राजस्व अमले ने रविवार को नुकसान का आंकलन किया।
निगम के पटवारी उन लोगों तक पहुंचे जिनके मकान को आंधी ने नुकसान पहुंचाया था। हालांकि मानिकपुर क्षेत्र में किसी का मकान पूरी तरीके से ध्वस्त नहीं हुआ है लेकिन मकान के कई हिस्सों को नुकसान पहुंचा है। कई लोगों का बाउंड्रीवॉल गिर गया है तो कई लोगों के घरों के उपर स्थित टीन या एस्बेस्टर शीट को तूफान ने उठाकर फेंक दिया है। मानिकपुर के डिपरापारा में भी कई घरों पर लगे टीन के छत उड़े हैं। इसके अलावा पेड़ गिरने से गाड़ियों को भी नुकसान हुआ है।
कई कार क्षतिग्रस्त हुई है तो कहीं बाइक को नुकसान पहुंचा है। स्थानीय लोगों ने नुकसान के अनुसार इसकी भरपाई राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग से करने की मांग की है। स्थानीय पार्षद नारायण लाल कुर्रे ने भी नगर निगम से कहा है कि नुकसान से हुए लोगों के सामान की भरपाई जल्द से जल्द नगर निगम द्वारा की जानी चाहिए। इधर दिन भर गिरे हुए पेड़ों को हटाने का कार्य जारी था। लोग अपने स्तर पर पेड़ों को काटकर हटाते रहे।
Published on:
05 May 2025 09:41 am
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