12 जनवरी 2026,

सोमवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

महिला बाल विकास विभाग के क्लर्क को एसीबी ने 50 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा, महिला से की थी डिमांड

ACB caught clerk : महिला एवं बाल विकास परियोजना कार्यालय खडग़वां में पदस्थ सहायक ग्रेड-2 (Assistant grade-2) पर एसीबी ने की कार्रवाई, केमिकल लगा 50 हजार रुपए बरामद, एसीबी (ACB) की टीम ने क्लर्क को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया

2 min read
Google source verification
ACB raid

ACB caught clerk with 50 thousand bribe

बैकुंठपुर/खडग़वां. ACB caught clerk: महिला एवं बाल विकास खडग़वां में रेडी टू ईट फूड सप्लाई करने के बाद बकाया पैसा निकालने के एवज में घूस लेने वाले क्लर्क रविशंकर खलखो को गिरफ्तार कर लिया गया है। एसीबी अंबिकापुर की टीम ने सहायक गेड-२ (लेखापाल) को 50 हजार रिश्वत की रकम के साथ धरदबोचा है। लेखापाल ने स्व-सहायता समूह से बाकी बची राशि 6 लाख 50 हजार रुपए भुगतान करने के एवज में 1 लाख 50 हजार रुपए की डिमांड की थी। दोनों के बीच 1 लाख रुपए में सौदा तय हुआ था। इधर स्व-सहायता समूह द्वारा रिश्वत की डिमांड करने वाले लेखापाल को रंगे हाथों पकड़वाने का प्लान बनाया था।


महिला स्व-सहायता समूह की अध्यक्ष ने एंटी करप्शन ब्यूरो अंबिकापुर में शिकायत दर्ज कराई थी। इसमें उसने बताया कि महिला स्व-सहायता समूह द्वारा वर्ष 2021-22 में रेडी टू ईट सामग्री का निर्माण एवं वितरण का काम किया गया था, जिसका 6 महीने का बिल करीब 9 लाख रुपए बकाया है।

उसमें से 2 लाख 50 हजार रुपए का भुगतान हुआ है। शेष राशि लगभग 6 लाख 50 हजार रुपए का भुगतान करने के एवज में कार्यालय परियोजना अधिकारी एकीकृत बाल विकास परियोजना खडग़वां के सहायक ग्रेड २ ने 1.50 लाख रुपए की रिश्वत मांगी थी।

खडग़वां ब्लॉक नवीन गठित जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (Manendragarh-Chirimiri-Bharatpur) में आता है। कार्यालय में पदस्थ सहायक ग्रेड-2 रविशंकर खलखो और प्रार्थिया के बीच 50-50 हजार रुपए यानी 2 किस्तों में भुगतान करने 1 लाख रुपए में सौदा तय हुआ।

यह भी पढ़ें: वीनू मांकड़ ट्रॉफी अंडर-19 क्रिकेट में अंबिकापुर के कृष चोपड़ा का चयन, लगाया था दोहरा शतक


रंगे हाथों पकड़ा गया लेखापाल
मामले में शिकायत सही पाए जाने पर सोमवार को एसीबी की टीम ने प्रार्थिया से मांगी रिश्वत की रकम 50 हजार रुपए देकर लेखापाल (Clerk) के पास भेजा। इन रुपयों में केमिकल लगा हुआ था।

लेखापाल ने प्रार्थिया से जैसे ही महिला एवं बाल विकास कार्यालय में 50 हजार रुपए लिए, आस-पास पहले से मौजूद एसीबी की टीम ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। मामले में आरोपी के खिलाफ धारा 7(क), 12 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर बैकुंठपुर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है।


बड़ी खबरें

View All

कोरीया

छत्तीसगढ़

ट्रेंडिंग