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इन 7 राज्यों के युवक-युवती ट्रैकिंग करने पहुंचे छत्तीसगढ़, इस राष्ट्रीय उद्यान में पहली बार हुई ट्रैकिंग

छत्तीसगढ़ सहित सात राज्य के 11 ट्रैकरों ने जंगल में 35 किलोमीटर की ट्रैकिंग, दो रात जंगल में टेंट लगाकर और एक रात ग्रामीणों के सहयोग से गुजारी

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Tracking team

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बैकुंठपुर. गुरु घासीदास राष्ट्रीय उद्यान में पहली बार नववर्ष में पर्यटकों को लुभाने के लिए जंगल ट्रैकिंग कार्यक्रम चलाया। इसमें छत्तीसगढ़ सहित 7 राज्य के 11 ट्रैकर चार दिन तक जंगल में ट्रैकिंग कर लौट गए हैं।


कोरिया वन विभाग के तत्वावधान 23-26 जनवरी तक गुरु घासीदास राष्ट्रीय उद्यान में चार दिवसीय ट्रैकिंग कैंप लगाया। इस दौरान छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, दिल्ली, पंजाब, पश्चिम बंगाल, केरल, तमिलनाडू के 11 ट्रैकर शामिल हुए।

फॉरेस्ट टीम ने ग्राम झांपर बीजाधुर नदी स्थान, गिधेर में कलश पहाड़, तुर्रीपानी ग्राम से टेडिय़ा बांध तक 35 किलोमीटर ट्रैक तैयार कर भ्रमण कराया गया। इस दौरान दो रात जंगल में टेंट लगाकर और एक रात ग्राम तुर्रीपानी में ग्रामीणों के सहयोग से रात गुजारी।

ट्रैकिंग टीम का कहना है कि देश के कोने-कोने में टै्रकिंग किए हैं, लेकिन राष्ट्रीय उद्यान में पार्क जैसा आनंद कहीं नहीं मिला। उद्यान के जंगल पहाड़, नदियां, वन्यजीव प्राणी बहुत ही रोचक हैं।

इन्हें देखने दोबारा यहां आने की इच्छा जाहिर की। वन अमला ट्रैकिंग के दौरान वाहन, भोजन सामग्री, भोजन बनाने वाले मिस्त्री, सामान उठाने व टेंट लगाने के लिए श्रमिक व गाइड की व्यवस्था कर रखी थी।