
MP Corona Update : 2607 नए संकर्मितों के साथ 1 लाख के पार हुए केस, आज 42 लोगों ने गवाई जान
कोटा. मरीजों के लिए भगवान के रूप कहे जाने वाले डॉक्टर भी कोरोना की चपेट में आ रहे हैं। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य, नवीन चिकित्सालय के अधीक्षक समेत अन्य विभागों के सीनियर डॉक्टर चपेट में आ चुके हैं। कोटा में अब तक कोरोना वॉरियर्स के रूप में काम करने वाले 180 डॉक्टर व 100 से ज्यादा मेडिकल स्टाफ संक्रमित हो चुका है। आईएमए के सचिव डॉ. केके डंग के अनुसार डॉक्टरों व अन्य मेडिकल स्टाफ ने समय रहते अपना इलाज करवा लिया। डंग ने दावा किया कि राज्य में सबसे ज्यादा कोरोना पॉजिटिव कोटा में आए हैं। इससे 90 प्रतिशत तक डॉक्टर व अन्य मेडिकल स्टाफ स्वस्थ हो चुका है। रेजीडेंट डॉक्टर भी 50 प्रतिशत, नर्सिंग स्टाफ 70 प्रतिशत तक स्वस्थ हो चुका है।
यह पड़ा असर
-डॉक्टरों के लगातार पॉजिटिव आने से मेडिकल कॉलेज के अस्पतालों में रूटीन ऑपरेशन बंद कर दिए हैं।
-अस्पताल मरीजों से भरे हुए हैं। ऑक्सीजन वाले बेड कम पड़ रहे हैं। मरीजों को होम आइसोलेट कर रखा है, लेकिन दवाइयां तक नहीं मिल पा रही हैं।
-कोरोना योद्धाओं के संक्रमित होने से सेम्पलिंग के काम पर असर पड़ा। आरआरटी व एसआरटी टीमों के स्टाफ को सेम्पलिंग कार्य से हटाकर वापस अस्पतालों में लगाया।
ये हुए संक्रमित
-प्राइवेट डॉक्टर: 40
- सरकारी डॉक्टर: 35
- सेवारत चिकित्सक: 35
- रेजीडेंट डॉक्टर: 70
- नर्सिंस्टाफ :102
- लैब टेक्निशियन:20
कोटा में कोरोना वायरस से हालात खराब हो चुके हैं। अस्पताल के आउटडोर मरीजों से फु ल चल रहे हैं। डॉक्टर व अन्य स्टाफ भी संक्रमित हो रहे हैं। कोरोना के प्रति आमजन को जागरूक होना होगा। वैक्सीन नहीं आए, तब तक मास्क हो ही वैक्सीन बनाना पड़ेगा।
-डॉ. केके पारीक, राष्ट्रीय अध्यक्ष, एपीआई
रोटेशन से नहीं हो रहा काम
मेडिकल कॉलेज के कोविड अस्पताल में रोटेशन से काम नहीं हो रहा है। कोविड अस्पताल में कार्यरत नर्सिंग लगातार छह माह से काम कर रहे हैं। एक नर्सिंग महिला स्टाफ दोबारा पॉजिटिव आ चुकी है। उच्चाधिकारियों को स्टाफ बदलने के लिए लिखा हुआ है, लेकिन नहीं बदला जा रहा है। रोटेशन से ही स्टाफ संक्रमित होने से बचेगा।
-अजय मेहरा, कोटा जिलाध्यक्ष, राजस्थान नर्सेज एसोसिएशन
Updated on:
23 Sept 2020 09:11 am
Published on:
23 Sept 2020 09:11 am
