5 फ़रवरी 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

रक्षक बना भक्षक: दिव्यांग बालिका से दरिंदगी, चौकीदार ने की मर्यादा तार-तार

कोटा. पीपल्दा कलां कस्बे में राजकीय बालिका छात्रावास के चौकीदार ने एक मासूम दिव्यांग बालिका को अपनी हवस का शिकार बनाया और फरार हो गया।

2 min read
Google source verification

कोटा

image

abhishek jain

Sep 30, 2017

Rape at Peepalda in Kota

कोटा. पीपल्दा कलां कस्बे में राजकीय बालिका छात्रावास के चौकीदार ने एक मासूम दिव्यांग बालिका को अपनी हवस का शिकार बनाया और फरार हो गया।

कोटा/पीपल्दाकलां. यहां राजकीय बालिका छात्रावास के अस्थाई चौकीदार ने दरिंदगी की सभी हदें पार कर दिव्यांग बालिका को हवस का शिकार बना डाला। छात्रावास में बालिकाओं का 'रक्षक ही भक्षक' बन गया और शनिवार सुबह उसने इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया। परिजनों के आने पर आरोपित मौके से भाग छूटा।

जानकारी के अनुसार आरोपित किशन गौड़ बालिका को बहला-फुसलाकर छात्रावास के अन्दर ले गया और उससे दुष्कर्म किया। बालिका के चिल्लाने पर परिजन छात्रावास आए तो आरोपित मौके से भाग गया। परिजनों ने आरोपित किशन के खिलाफ इटावा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।

Read More: OMG: गर्भवती ने लगाया डॉक्टर पर मारपीट का आरोप

इटावा थानाप्रभारी संजय कुमार ने बताया कि परिजनों ने रिपोर्ट में बालिका के साथ जबरदस्ती करने का आरोप लगाया है। आरोपित के खिलाफ दुष्कर्म व पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपित की तलाश की जा रही है। आरोपित इटावा का निवासी है और अस्थाई तौर पर छात्रावास में चतुर्थ श्रेणी व सुरक्षा गार्ड का काम करता है। बालिका को मेडिकल जांच के लिए कोटा भेजा गया है। जहां जेके लोन चिकित्सालय में उसका मेडिकल कराया गया है।

Read More: शाहरुख खान के फैंस को इमाम सिद्दीकी ने सुनाई खरी-खरी

बुधवार रात 16 वर्षीय किशोरी से सामूहिक दुष्कर्म

कोटा . अजय आहूजा नगर उडि़या बस्ती निवासी 16 वर्षीय किशोरी को पड़ोस में रहने वाले दो नाबालिग बुधवार रात डांडिया खेलते समय सुनसान जगह पर ले गए। वहां उससे सामूहिक दुष्कर्म किया। किशोरी ने जब इसकी शिकायत घरवालों से करने को कहा तो दोनों ने मिलकर पत्थरों से सिर व चेहरा कुचलकर उसकी हत्या कर दी।

Read More: कोटा संभाग में मेडिकल स्टोर्स पर पहली बार हुई ऐसी बड़ी कार्रवाई

गुरुवार सुबह किशोरी का शव मिलने और परिजनों की रिपोर्ट पर पुलिस ने मामला दर्ज कर घटना के कुछ समय बाद ही दोनों नाबालिगों को निरुद्ध कर लिया था। उनसे पूछताछ करने पर उन्होंने वारदात करना कबूल कर लिया था। सीआई अनिल जोशी ने बताया कि दोनों के नाबालिग होने से उन्हें रात को निरुद्ध कर लिया था। रात में उन्हें थाने में नहीं रख सकते थे। इस कारण उन्हें देर रात को बाल न्यायालय में पेश कर दिया। जहां से उन्हें सम्प्रेषण गृह भेज दिया।