टीम सदस्य एडवोकेट महेन्द्रा वर्मा ने बताया कि जब वृद्धाश्रम का निरीक्षण करने पहुंचे तो वहां सिर्फ संस्थान का बोर्ड था, भवन पर ताला लगा था। फोन किया तो संस्था अध्यक्ष की पत्नी साधना आई। उन्होंने बताया कि वृद्ध अपने घर गए, जबकि संस्थान प्रबंधक मंजू का कहना था कि वृद्ध मंदिर गए। टीम घंटों तक वहां रही लेकिन वृद्ध नहीं आए। इसके बाद अंदर जा कर देखा तो आलमारी में बर्तन व सामानों पर धूल मिली और दालों में कीड़े।