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कुशीनगर हादसे में रात भर चला रेस्क्यू, कुएं से निकाले गए 13 शव, पीएम, सीएम ने जताया शोक

कुशीनगर के नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के नौरंगिया गांव में बुधवार रात करीब 10 बजे कुएं पर रखा स्लैब टूट कर गिरने से 30 लोग कुएं में गिर गए। हादसे में दो महिलाओं और नौ बच्चों समेत 13 लोगों की मौत गई। घटना के समय सभी लोग एक परिवार में हल्दी की रस्म के उत्सव में चल रहा डांस देख रहे थे। कई थानों की फोर्स रेस्कयू आपरेशन में जुटी है।

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कुशीनगर में कुएं का स्लैब टूटा 13 की मौत, कई की हालात गंभीर

कुशीनगर में कुएं का स्लैब टूटा 13 की मौत, कई की हालात गंभीर

कुशीनगर के नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के नौरंगिया गांव में बुधवार रात करीब 10 बजे कुएं पर रखा स्लैब टूट कर गिरने से 30 लोग कुएं में गिर गए। हादसे में दो महिलाओं और 11 बच्चों समेत 13 लोगों की मौत गई। घटना के समय सभी लोग हल्दी की रस्म में जुटे थे। तभी यह हादसा हुआ। कई थानों की फोर्स रेस्कयू आपरेशन में जुटी है। कुएं से बाकी लोगों को निकाला जा रहा है। पीएम नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोगों की मृत्यु पर गहरा शोक व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री योगी ने जिला प्रशासन के अधिकारियों को तत्काल मौके पर पहुंच कर बचाव व राहत कार्य संचालित करने तथा हादसे में घायल लोगों का समुचित उपचार कराने के निर्देश दिए हैं।

मामला कुशीनगर के नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के नौरंगिया गांव का है। उक्त थाना क्षेत्र के नौरंगिया के स्कूल टोला निवासी परमेश्वर कुशवाहा के पुत्र की बृहस्पतिवार को शादी है। वैवाहिक रस्म के वक्त महिलाएं हल्दी रस्म अदायगी के दौरान गांव में स्थित कुआं पर मटकोड़ करने गई थीं। उनके साथ बच्चे भी गए थे। इसके बाद कुआं पर बने ढक्कन, स्लैब पर खड़ा होकर डांस देखने लगे। इस बीच स्लैब टूटकर कुआं में गिर पड़ा। बच्चे समेत महिलाएं कुआं में गिरकर दब गए। घटना की सूचना मिलते ही कोहराम मच गया। सब घटनास्थल पर बचाव के लिए दौड़ पड़े।

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मृतकों में से दो की पहचान नहीं हो सकी

मृतकों में से दो की पहचान नहीं हो सकी है। घटना के बाद गांव में मातम छा गया। शादी वाले घर में चीख-पुकार मच गई। सूचना पर पुलिस आई और आसपास के लोगों के साथ मिलकर सबको कुएं निकाला। गांव से जिला अस्पताल तक हाहाकार मचा रहा। कमिश्नर, डीआईजी, डीएम, एसपी ने मौके पर पहुंचकर राहत-बचाव कार्य की जानकारी ली। साथ ही पीड़ित परिवार को हर संभव मदद दिलाने का भरोसा दिलाया है।

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आसपास के लोगों ने राहत-बचाव शुरू किया, पर अंधेरा अधिक था। जिस वजह से खास सफलता नहीं मिल सकी। इस बीच किसी व्यक्ति ने घटना की सूचना पुलिस को दी। दल-बल के साथ आए पुलिसकर्मियों ने राहत-बचाव कार्य तेज किया। जिन लोगों को कुएं से बाहर निकाला गया, उन सबको जिला अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने परीक्षण किया और 13 लोगों को मृत घोषित कर दिया। सबके शव जिला अस्पताल की मोर्चरी के पास रखा गया है। यह देखकर हर कोई रोने लगा। एक साथ 13 शव देखकर सबकी रूह कांप गई।

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मृतकों के नाम

1- पूजा यादव (20) पुत्री बलवंत
2- शशिकला (15) पुत्री मदन
3- आरती (13) पुत्री मदन
4- पूजा चौरसिया (17) पुत्री राम बड़ाई
5- ज्योति चौरसिया(10) राम बड़ाई
6- मीरा (22) पुत्री सुग्रीव
7- ममता (35) पत्नी रमेश
8- शकुंतला (34) पत्नी भोला
9-परी (20) पुत्री राजेश
10- राधिका (20) पुत्री महेश कुशवाहा
11- सुंदरी (9) पुत्री प्रमोद कुशवाहा

चार-चार लाख रुपए सहायता राशि देने का ऐलान

इनमें से दो महिलाओं की शिनाख्त नहीं हो पाई है। डीएम ने हादसे में मरने वाले प्रत्येक के परिजन को चार-चार लाख रुपए सहायता राशि देने का ऐलान किया है।

कई घायलों की हालत गंभीर

इस दुर्घटना में बचाव कार्य के लिए गांव के प्रिंस और रविशंकर समेत कई लोग अंधेरे के बीच गहरे कुएं में उतरे। लोगों को बारी—बारी से बाहर निकालना शुरू किया। छह लोगों को बाहर निकाला जा सका था। इस बीच पुलिस भी आ गई। ग्रामीणों के अनुसार पुलिस की मौजूदगी में 25 महिला, युवती और बच्चियों को कुएं से बाहर निकाला गया है। कई घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इन सबका इलाज चल रहा है। डॉक्टरों के अनुसार कइयों की हालत गंभीर है।

पुराना हादसा याद आ गया

नौरंगिया गांव में पांच वर्ष पहले भी एक शादी समारोह में बड़ा हादसा हुआ था। ग्रामीणों के अनुसार वर्ष 2017 में गांव में बारात आई थी, जिसमे सड़क के किनारे द्वार पूजा से पहले आर्केस्ट्रा का कार्यक्रम चल रहा था। बराती और घराती आर्केस्ट्रा देख रहे थे। उसी वक्त अनियंत्रित पिकअप लोगों को रौदते हुए निकल गयी थी। इस हादसे में पांच लोगों की मौत और 10 लोग घायल हो गए थे।