NBFC संकट पर अनिल अंबानी ने नई सरकार को दी सलाह, कहा - लाइफ सपोर्ट सिस्टम की जरूरत

  • अंबानी ने कहा- बीते 8 महीनों में एनबीएफसी सेक्टर आईसीसीयू में चला गया है।
  • IL&FS संकट के बाद गहराया है एनबीएफसी सेक्टर।
  • कर्ज के बोझ से निपटने के लिए अनिल अंबानी की कंपनी रिलायंस कैपिटल ने अपनाया खास सलाह।

By: Ashutosh Verma

Published: 29 May 2019, 11:59 AM IST

नई दिल्ली। कर्ज के बोझ में डूबे रिलायंस ग्रुप के चेयरमैन अनिल अंबानी ( Anil Ambani ) ने गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थानों ( NBFC ) को लेकर कहा कि इस सेक्टर में हमें भारी संकट देखने को मिल रहा है। अनिल अंबानी ने एक इंटरव्यू में कहा कि बीते 8 महीनों में एनबीएफसी सेक्टर ICCU में चला गया है, और इसका असर अर्थव्यवस्था पर साफ नजर आ रहा है। जैसे ICCU में किसी मरीज को बचाने के लिए आपको आम दवा नहीं बल्कि लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर रखना होता है, ठीक वैसे ही आपको एनबीएफसी के साथ भी करना होगा।

यह भी पढ़ें - एक साल में 60 विमानों को अपने बेड़े में शामिल करने जा रहा है स्पाइसजेट

पोर्टफोलियो चुनने में एनबीएफसी को वरीयता नहीं दे रहे बैंक

अनिल अंबानी ने यह उम्मीद जताई की नवनिर्वाचित सरकार और भारतीय रिजर्व बैंक ( RBI ) इस सेक्टर को तत्काल रूप से सपोर्ट करते हुए तरलता बढ़ाएंगे। इन्फ्रास्ट्रक्चर लीजिंग एंड फाइनेंशियल सर्विसेज ( IL&FS ) रिस्क से बचने के लिए कई बैंक एनबीएफसी को सपोर्ट करने से पीछे हट चुके हैं। ऐसे में इन फर्म्स के पास फंड जुटाने के लिए सिक्योरिटाइजेशन के अतिरिक्त कोई अन्य विकल्प नहीं बचा है। म्यूचुअल फंड्स ने भी लेंडिंग में कटौती कर दी है। अंबानी ने कहा, "बैंक अब बहुत सोच समझकर क्वालिटी पोर्टफोलियो को ही चुन रहे हैं। इस वजह से अब एनबीएफसी और हाउसिंग फाइनेंस कंपनियों के लिए परेशानियां खड़ी हो गई हैं।"

यह भी पढ़ें - RBI ने किया बड़ा बदलाव, RTGS से पैसे भेजने की समय सीमा को बढाया

कर्ज से निपटने के लिए अनिल अंबानी ने अपनाया खास मंत्र

उन्होंने आगे कहा कि बीते 8 महीनों में इन फर्म्स की बैलेंस शीट काफी सिकुड़ चुका है। उन्होंने रिलायंस कैपिटल को लेकर कहा कि वो 'कर्ज की मौत' की मंत्र पर काम कर रही है। रिलायंस कैपिटल चालू वित्त वर्ष में स्टेक सेल के जरिए अपने 50 फीसदी कर्ज की चुका रहा है। पिछले माह ही इस फर्म की दो कंपनियों ने छोटी अवधि के कर्ज को डिफॉल्ट किया था। रिलायंस निप्पोन एसेट मैनेजमेंट ने अपने जापानी पार्टनर निप्पोन लाइफ को 43 फीसदी स्टेक की बिक्री कर 6,000 करोड़ रुपए जुटाया है।

Business जगत से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Follow करें Twitter पर और पाएं बाजार, फाइनेंस, इंडस्‍ट्री, अर्थव्‍यवस्‍था, कॉर्पोरेट, म्‍युचुअल फंड के हर अपडेट के लिए Download करें Patrika Hindi News App.

Show More
Ashutosh Verma Content Writing
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned