23 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Ghost Mall In Delhi: शाम के बाद दिल्ली के इस मॉल में जाने से क्यों डरते हैं लोग? पढ़िए पूरी कहानी

Ghost Mall In Delhi: दिल्ली का पहला मॉल अंसल प्लाजा अब पूरी तरह बर्बाद हो चुका है। जहां कभी रौनक होती थी, वहां अब अंधेरा और डर है। पढ़िए इस भूतिया मॉल की पूरी कहानी।

2 min read
Google source verification

भारत

image

Charvi Jain

Feb 23, 2026

Ghost Mall In Delhi (AI Image- chatgpt)

Ghost Mall In Delhi: अगर आप 90 के दशक में दिल्ली में पले-बढ़े हैं, तो अंसल प्लाजा आपके लिए सिर्फ एक मॉल नहीं, बल्कि एक इमोशन था। साउथ दिल्ली का वो एरिया जहां जाने के लिए लोग हफ्ते भर इंतजार करते थे। लेकिन आज अगर आप वहां जाएंगे, तो आपको अपनी आंखों पर यकीन नहीं होगा। दिल्ली का वो पहला मॉल अब एक भूतिया बिल्डिंग जैसा लगने लगा है। जहां कभी खुशियों का शोर था, आज वहां सन्नाटा है।

रोनक से सन्नाटे तक का सफर

आज भले ही दिल्ली में हजारों मॉल्स खुल गए हों, लेकिन अंसल प्लाजा की बात ही अलग थी। साल 1999 में जब यह खुला, तब दिल्ली वालों ने पहली बार मॉल कल्चर देखा। यह वो दौर था जब लोग सिर्फ बाजारों में शॉपिंग करते थे, लेकिन अंसल प्लाजा ने बताया कि मॉल में घूमना, खाना और समय बिताना क्या होता है।
यहां का मैकडॉनल्ड्स सिर्फ बर्गर खाने की जगह नहीं थी, बल्कि कपल्स के लिए डेटिंग का सबसे बड़ा अड्डा था। लोग यहां के ओपन एम्फीथिएटर में होने वाले कॉन्सर्ट्स के लिए पागल रहते थे। पलाश सेन के यूफोरिया जैसे बैंड्स जब यहां परफॉर्म करते थे, तो पैर रखने की जगह नहीं होती थी। लेकिन आज उसी जगह पर सन्नाटा पसरा है और दीवारों पर पान की पीक के निशान हैं।

अंधेरा, गंदगी और डर का माहौल

मॉल के अंदर कदम रखते ही आपको एहसास होगा कि वक्त कितना बदल गया है। यहां की हालत अब किसी पुरानी डरावनी फिल्म के सेट जैसी हो गई है। सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात यहां की बदहाली है। मॉल की एस्केलेटर सालों से बंद पड़ी हैं और उन पर धूल की मोटी परतें जम चुकी हैं। यहां की लिफ्ट का कोई भरोसा नहीं है कि वो कब बीच में अटक जाए। कई बार लोग इसमें फंसने से डरते हैं। पार्किंग से लेकर मॉल के अंदर तक कई जगहों पर लाइटें खराब हैं। शाम होते ही यहां अकेले जाने में वाकई डर लगने लगता है। टॉयलेट्स की हालत बहुत खराब है और कई हिस्सों में मरम्मत का काम आधा-अधूरा छोड़ दिया गया है। हर तरफ कूड़ा और बदबू का अहसास होता है।

दुकानदार और स्टाफ की बेबसी

मॉल में अब कुछ ही पुराने ब्रांड्स बचे हैं। ऊपर की मंजिलों पर अब बड़े शोरूम्स की जगह कुछ सरकारी बैंक और प्राइवेट ऑफिस खुल गए हैं, जिससे यहां की रौनक पूरी तरह खत्म हो चुकी है। यहां के एक पब में काम करने वाले कर्मचारी ने बताया कि वे लाखों रुपये किराया भर रहे हैं, लेकिन सुविधाओं के नाम पर मैनेजमेंट कुछ नहीं दे रहा। पास में शराब का ठेका होने की वजह से यहां का माहौल भी अब फैमिली के लायक नहीं रहा। शाम के समय यहां आने वाली महिलाएं खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करतीं।

क्यों डूब गया अंसल प्लाजा?

जब से सेलेक्ट सिटीवॉक और एम्बिएंस मॉल जैसे हाई-टेक मॉल्स खुले, तो अंसल प्लाजा उनके सामने टिक नहीं पाया। वहां लोगों को बेहतर फूड कोर्ट, बड़े सिनेमा हॉल और अच्छी सर्विस मिलने लगी।
2016 में यहां डिकेथलॉन स्टोर खुला, लेकिन उसी समय नोटबंदी ने रिटेल बाजार को कम कर दिया। धीरे-धीरे सब ब्रांड्स यहां से निकलने लगे। 2023 में डिकेथलॉन भी यहां से चला गया और अंसल प्लाजा लगभग पूरी तरह खाली हो गया। आज यह मॉल सिर्फ एक खाली ढांचा बनकर रह गया है।

बड़ी खबरें

View All

लाइफस्टाइल

ट्रेंडिंग

स्वास्थ्य