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World Liver Day 2023 : क्या है वर्ल्ड लिवर डे, क्यों जरूरी है फैटी लिवर के बारे में जानकारी

World Liver Day 2023: हमारे शरीर खाना डाइजेस्ट (Digestion) करने और उसे नुट्रिशन (Nutrition) देने में लिवर का बड़ा योगदान है। हर साल हम सभी को अपने लिवर डिजीजेज के बारे में अवेयर करने और एक हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाने के लिए वर्ल्ड लिवर डे मनाया जाता है। इस आर्टिकल में जानिए इस दिन का महत्त्व, थीम और क्या है फैटी लिवर।

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World Liver Day 2023: Addressing the Rise of Fatty Liver Disease

Date, Significance of World Liver Day 2023 : लीवर को स्वस्थ (Healthy Liver) रखने के लिए हर साल 19 अप्रैल को दुनिया भर में वर्ल्ड लिवर डे मनाया जाता है। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (WHO) के अनुसार भारत पहला देश है जिसने भारत कैंसर, डायबिटीज, हार्ट अटैक और स्ट्रोक की रोकथाम के लिए अपने नेशनल प्रोग्राम में नॉन-अल्कोहलिक फैटी लिवर डिजीज (NAFLD) को शामिल किया। शरीर में लिवर (Liver) खाना डाइजेस्ट (Digestion) करने, शरीर को नुट्रिशन (Nutrition) देने, और हार्मोन रेगुलेशन (Hormone Regulation) जैसे फंक्शन के अलावा और भी कई तरह से मदद करता है। नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ हेल्थ में पब्लिश्ड एक आर्टिकल के अनुसार अनहेल्दी लीवर से कई प्रकार के रोग हो सकते हैं। इनमें हेपेटाइटिस, वायरस के कारण होता है बाकी ड्रग्स या बहुत अधिक शराब पीने की वजह से होते हैं। लिवर में लंबे समय तक चोट या घाव का निशान सिरोसिस का कारण बन सकता है। वहीं जॉन्डिस लिवर की बीमारी का एक संकेत हो सकता है।


World Liver Day 2023, Theme : इस साल वर्ल्ड लिवर डे की थीम है 'सतर्क रहें, नियमित लीवर चेक-अप करें, फैटी लीवर किसी को भी प्रभावित कर सकता है।' (Be Vigilant, Do Regular Liver Check-Ups, Fatty Liver Can Affect Anyone )

What is Fatty Liver: फैटी लीवर, जिसे हेपेटिक स्टीटोसिस भी कहा जाता है, एक ऐसी स्थिति है जहां लीवर में फैट जमा होता है। इसके कई कारण हो सकते है जिसमें बहुत ज्यादा शराब का सेवन, मोटापा, इंसुलिन रेजिस्टेंस और ब्लड में हाई लेवल ट्राइग्लिसराइड्स का होना शामिल है।


Avoid Stress: क्रोनिक स्ट्रेस से हमारा इम्यून सिस्टम प्रभावित हो सकता है और शरीर के अन्य भागों के अलावा लिवर में भी इंफ्लमैशन हो सकता है। इंफ्लमैशन कई लिवर डिजीज का कारण बन सकता है जिनमे नॉन-अल्कोहलिक फैटी लिवर डिजीज (NAFLD), ऑटोइम्म्युने हेपेटाइटिस, हेपेटाइटिस सी शामिल हैं। क्रोनिक स्ट्रेस के कारण लिवर सेल डैमेज होने की सम्भावना बढ़ जाती है। हालांकि एक्सपर्ट्स का मानना है की बैलेंस्ड डाइट से अपनी लिवर को हेल्दी रखने के लिए। इसके साथ ही रेगुलर मेडिकल चेकअप और लिवर फंक्शन टेस्ट कराने से लिवर से जुड़ी प्रॉब्लम, अगर कोई है, का पता लग सकता है।

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