
akhilesh yadav
लखनऊ. रिलीज से पहले विवादों में घिरी संजय लीला भंसाली की फिल्म को लेकर धीरे-धीरे आक्रोश बढ़ता जा रहा है। जनता के आक्रोश को भांपते हुए पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव फिल्म पर किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने से बच रहे है। शुक्रवार को प्रेस कांफ्रेंस के दौरान उन्होंने ऐसी बात कह दी कि पत्रकार चाह कर भी अपनी हंसी नहीं रोक सके। हालांकि एक बार खुद अखिलेश भी थोड़ा झिझक गए। दरअसल अखिलेश यादव से देशभर में फिल्म पद्मावती को लेकर हो रहे विवाद पर सवाल किया गया था। इस पर अखिलेश ने कहा 'इस मुद्दे पर हमारी कोई राय नहीं है क्योंकि हम पड़ी लकड़ी नहीं उठाते हैं।' पद्मावती की रिलीज का देश के कई राजपूत संगठन विरोध कर रहे हैं।
यूपी सरकार ने फिल्म में लगाई रोक
बता दें कि संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावती एक दिसंबर को रिलीज होनी है, लेकिन इससे पहले ही फिल्म का विरोध शुरू हो गया है। पद्मावती की शोटिंग जिस दिन से शुरू हुई उस दिन से ये फिल्म विवादों में घिरती नजर आ रही है। कभी ये फिल्म अपनी कहानी की वजह से तो कभी फिल्म में दिखाए गए आपत्तिजनक सीन को लेकर विवादों का हिस्सा बनी हुई है। इस फिल्म पर उठे विवाद को लेकर कभी संगठन दल वाले तो कभी राजनैतिक पार्टियां विरोध जताती नजर आ रही है। वहीं उत्तर प्रदेश सरकार ने इस फिल्म से शांति व्यवस्था को खतरे की बात कहते हुए केंद्र सरकार को चिट्ठी लिख फिल्म की रिलीज टालने की बात कही है।
फिल्म को लेकर बढ़ रहा विरोध
इससे पहले करनी सेना नाम का संगठन और भाजपा के कई नेता फिल्म रिलीज होने पर हिंसा की धमकी दे चुके हैं। राजस्थान में फिल्म का ट्रेलर दिखाने पर भी तोड़फोड़ हो चुकी है। राजपूत संगठनों का आरोप है कि फिल्म में अलाउद्दीन खिलजी और रानी पद्मिनी के बीच रोमांस दिखाया गया है। हाल ही में फिल्म के ट्रेलर और कुछ गाने रिलीज होने के बाद विरोध बढ़ा है।
Published on:
18 Nov 2017 10:41 am
बड़ी खबरें
View Allलखनऊ
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
