3 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

100 करोड़ से अधिक छोटे नोटों से बैंक अफसर परेशान, आरबीआई ने खड़े किए हाथ

- ग्राहक 10 और 20 के छोटे नोट लेने से कर रहे परहेज- क्लीन करेंसी के तहत आरबीआई ला चुकी है 10, 20, 50 और सौ के नए नोट

2 min read
Google source verification

लखनऊ

image

Neeraj Patel

Jan 21, 2021

2_3.jpg

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. उत्तर प्रदेश समेत देश के अन्य राज्यों में छोटे नोटों (10 और 20) की बढ़ती संख्या से बैंक कर्मचारी और अफसर परेशान हैं। आरबीआई और ग्राहकों के इन नोटों के न लेने से बैंकों में इन्हें रखने की जगह कम पड़ रही है। हाल यह है कि बैंक अफसरों को इन्हें संदूकों और अलमारियों में रखना पड़ रहा है। अलग-अलग चेस्ट करंसी और बैंकों में करीब 100 करोड़ से अधिक के छोटे नोट डंप पड़े हैं। यही हाल सिक्कों का भी है। शहर में अलग-अलग बैंकों की सैकड़ों शाखाएं हैं। इसके अलावा एसबीआई की पांच, पीएनबी की दो, यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ इंडिया की एक-एक के अलावा अन्य बैंकों की तीन दर्जन से अधिक चेस्ट करेंसी (जहां नोट रखे जाते हैं) हैं।

क्लीन करेंसी के तहत आरबीआई 10, 20, 50 और सौ के नए नोट ला चुकी है। पुराने नोट भी बाजार और बैंकों के पास हैं। वी बैंकर्स एसोसिएशन के महामंत्री आशीष मिश्रा ने बताया कि ग्राहक छोटे नोट लेने से मना कर देते हैं। आरबीआई भी छोटे नोटों को लेने में दिलचस्पी नहीं दिखा रहा है। इसका असर बैंकों में देखने को मिल रहा है। नेशनल कन्फेडरेशन ऑफ बैंक इंप्लाइज के सचिव राजेंद्र अवस्थी ने बताया कि आरबीआई की ओर से इस दिशा में कोई सहयोग नहीं किया जा रहा है। बैंकों के पास छोटे नोटों को रखने की जगह नहीं बची है। नोट सुरक्षित भी रखने हैं, ऐसे में अलमारी और संदूकों में नोटों को रखा जा रहा है।

ये भी पढ़ें - Big Decision : गणतंत्र दिवस पर 500 कैदियों को रिहा करेगी योगी सरकार

ग्राहक 10 और 20 के नोट लेने से कर रहे परहेज

वी बैंकर्स एसोसिएशन के महामंत्री ने बताया कि एक आरटीआई के जवाब में आरबीआई ने बताया था कि वो चेस्ट करेंसी के माध्यम से किसी भी प्रकार के सिक्कों को वापस नहीं लेता है। इससे और परेशानी बढ़ी है। बैंक के जानकारों ने बताया कि छोटे नोट न लेने की समस्या शहर में स्थित बैंकों के अलावा ग्रामीण क्षेत्र में भी है। वहां पर भी ग्राहक 10 और 20 के नोट लेने से परहेज कर रहे हैं।