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सीएम योगी के प्रमुख सचिव पर घूस मांगने का आरोप लगाने वाले अभिषेक के खिलाफ मामला दर्ज

अभिषेक गुप्ता के खिलाफ वरिष्ठ पुलिस अधिक्षक से मुदकमा दर्ज करने का अनुरोध किया गया है.

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लखनऊ

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Abhishek Gupta

Jun 07, 2018

Ram Naik Letter

Ram Naik Letter

लखनऊ. राज्यपाल राम नाईक द्वारा सीएम योगी को प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री, एसपी गोयल के खिलाफ कार्रवाई हेतु खत लिखे जाने के मामले में एक नया मोड़ आया गया है। भारत दीक्षित, प्रदेश मुख्यालय प्रभारी भाजपा उत्तर प्रदेश, ने राज्यपाल को प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री के खिलाफ खत लिखने वाले व उनपर भ्रष्टाचार का आरोप लगाने वाले लखनऊ निवासी अभिषेक गुप्ता के खिलाफ वरिष्ठ पुलिस अधिक्षक से मुदकमा दर्ज करने का अनुरोध किया है।

भारत दीक्षित का आरोप है कि अभिषेक गुप्ता ने भाजपा प्रदेश महामंत्री संगठन तथा अन्य पधाकारियों का नाम का इस्तेमाल कर अनुचित कार्य कराने का दबाव बना रहा है जिससे पार्टी की छवि धूमिल हो रही है। अभिषेक ना ही पार्टी का कार्यकर्ता है और न हीं कार्यालय में कार्यरत है। दीक्षित ने इसको लेकर वरिष्ठ पुलिस अधिक्षक से अनुरोध किया है कि वो अभिषेक के खिलाफ कठोर कार्रवाई करे।

क्या है मामला-

राज्यपाल ने सीएम योगी को पत्र लिखकर एक पेट्रोल पंप संचालक अभिषेक गुप्ता से 25 लाख रूपए की घूस मांगने वाले प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री, एसपी गोयल के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए थे। दरअसल राज्यपाल राम नाईक ने सीएम योगी को 30 अप्रैल को एक पत्र भेजा था, जिसमें उन्होंने कहा है लखनऊ के इंदिरानगर के निवासी अभिषेक गुप्ता ने 18 अप्रैल को ईमेल के जरिए बताया कि उनके द्वारा हरदोई के संडीला में रैसो गांव में एस्सार आॅयल लिमिटेड द्वारा स्वीकृत पेट्रोल पंप लगाया जाना है। पत्र में आगे बताया गया कि पेट्रोल पंप के मुख्य मार्ग की चौड़ाई कम है जिसकी वजह से आवश्यक जमीन उपलब्ध कराने के लिए उन्होंने प्रत्यावेदन दिया है और वो प्रमुख सचिव, मुख्यमंत्री एसपी गोयल के स्तर पर लंबित है। अभिषेक गुप्ता का कहना कि पेट्रोल पंप के मुख्य मार्ग की चौड़ाई बढ़ाने को लेकर भूमि उपलब्ध करवाई जाने के लिए प्रमुख सचिव एसपी गोयल की तरफ से 25 लाख रुपए की मांग की जा रही है। गुप्ता ने आगे कहा है कि ये रिश्वत नहीं दिए जाने की वजह से प्रमुख सचिव उनके प्रत्यावेदन पर निर्णय नहीं ले रहे हैं और इस कारण पेट्रोल पंप की स्थापना नहीं हो पा रही है।

आज ही 2 डीएम हुए निलंबित-

आपको बता दें कि अभिषेक गुप्ता ने यह पत्र 18 एप्रैल को राज्यपाल को भेजा था, लेकिन राज्यपाल द्वारा कार्रवाई हेतु सीएम योगी को लिखे गए पत्र के बाद यह मामला उजागर हुआ है। वैसे सीएम योगी आज बड़ी कार्रवाई करते हुए भ्रष्टाचार में लिप्त गोंडा और फतेहपुर के डीएम को निलंबित कर दिया जिससे यह साफ संदेश गया है कि अब निचले ही नहीं बल्कि उच्च अधिकारियों पर भी गाज गिरेगी। और एसपी गोयल का मामला तो बेहद संगीन हैं, लेकिन देखना होगा कि सीएम योगी इस मामले में क्या कदम उठाते हैं। वैसे एसपी गोयल बेहद साफ-सुथरी छवि के माने जाते हैं। वहीं प्रधान सचिव सूचना अवनीश अवस्थी ने इस मामले में कहा है कि गोयल पर लगे आरोप निराधार है। सच्चाई क्या है ये भी जल्द पता चल ही जाएगा।