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अवैध शराब मिलने पर लाइसेंस होगा निरस्त, पूरे प्रदेश में होंगे ब्लैक लिस्ट, संबंधित क्षेत्र के आबकारी अधिकारी पर होगी कार्रवाई

उत्तर प्रदेश के अपर मुख्य सचिव आबकारी संजय आर भूसरेड्डी के मुताबिक CM Yogi Adityanath के निर्देश के अनुसार, किसी भी शराब की दुकान में अवैध शराब मिलने पर न सिर्फ उसका लाइसेंस निरस्त किया जाएगा बल्कि उसे पूरे प्रदेश में ब्लैक लिस्ट भी कर दिया जाएगा। ऐसा

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Iliegal Liquor

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लखनऊ. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) के निर्देश पर सूबे में शराब माफियाओं के साम्राज्य को जड़ से खत्म करने के लिए अधिकारियों ने कमर कस ली है। उत्तर प्रदेश के अपर मुख्य सचिव आबकारी संजय आर भूसरेड्डी के मुताबिक सीएम योगी के निर्देश के अनुसार, किसी भी शराब की दुकान में अवैध शराब मिलने पर न सिर्फ उसका लाइसेंस निरस्त किया जाएगा बल्कि उसे पूरे प्रदेश में ब्लैक लिस्ट भी कर दिया जाएगा। ऐसा करने वालों के खिलाफ गैंगस्टर और एनएसए के तहत कार्रवाई कर उनकी संपत्ति को भी जब्त किया जाएगा।

संबंधित क्षेत्र के आबकारी अधिकारी की होगी जवाबदेही

बीते दिनों अलीगढ़ में हुए जहरीली शराब कांड (Hooch Tragedy) में अब तक 40 लोगों की मौत के साथ ही 86 संदिग्धों की मौत हुई है। जिसके बाद अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर उत्तर प्रदेश में शराब माफियाओं के साम्राज्य को जड़ से खत्म करने के लिये आबकारी विभाग द्वारा एक विशेष मास्टर प्लान बनाया गया है। इसके तहत प्रदेश में पिछले 15 वर्षों में दर्ज किये गये शराब से जुड़े सभी बड़े मामलों की जांच दोबारा कराकर पुलिस की मिलीभगत से बचे दोषी शराब माफियाओ के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर उन्हें कड़ी सजा दिलाने का निर्देश जारी कर दिया गया है। बड़े स्तर पर अवैध शराब मिलने पर संबंधित क्षेत्र के आबकारी अधिकारी और थाने की जवाबदेही होगी।

हर माह की 15 तारीख तक अवैध शराब से जुड़े लोगों को सजा

संजय आर भूसरेड्डी ने कहा कि सीएम योगी के निर्देश पर पिछले 15 वर्षों में पकड़ी गई किसी भी प्रकार की स्पिरिट या जहरीली शराब से जुड़े मामलों की समीक्षा खुद सबंधित जिले के डीएम, एसपी, वरिष्ठ आबकारी अधिकारी के साथ डीजीसी क्रिमिनल करेंगे। डीएम के साथ ही मंडलायुक्त हर माह की 15 तारीख तक अवैध शराब से जुड़े लोगों को सजा दिलाने के लिए की गई कार्रवाई की समीक्षा करेंगे और उसकी रिपोर्ट अपर मुख्य सचिव आबकारी को भेजेंगे।

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