
अगले 4–5 दिन तापमान में और गिरावट की संभावना (फोटो सोर्स : Patrika)
Cold Wave Returns: उत्तर प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट बदलने लगा है। पिछले कुछ दिनों से हवा के रुख में आए बदलाव और मौसम में सक्रिय किसी बड़े तंत्र की अनुपस्थिति के कारण तापमान में थोड़ी बढ़ोतरी देखी जा रही थी, लेकिन अब पछुआ और उत्तरी–पश्चिमी ठंडी हवाओं ने प्रदेश में दस्तक देना शुरू कर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार, इन हवाओं के प्रभाव से न्यूनतम तापमान में क्रमिक गिरावट का दौर शुरू हो गया है और आने वाले 4–5 दिनों में पारा 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक नीचे जा सकता है। इसके चलते कई जिलों में ठंड का असर और अधिक बढ़ने की संभावना जताई गई है।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले सप्ताह पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर पड़ने और हवाओं के दक्षिण–पूर्वी रुख में बदल जाने से तापमान में हल्की बढ़ोतरी देखी गई थी। लेकिन अब हवा एक बार फिर उत्तरी–पश्चिमी दिशा से बहना शुरू हो गई है, जो सामान्यतः शुष्क और बेहद ठंडी होती हैं। इन हवाओं की तेजी अगले एक सप्ताह तक जारी रह सकती है, जिससे प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में सर्दी का प्रकोप और बढ़ेगा।
मौसम विभाग ने संकेत दिया है कि आने वाले दिनों में अधिकतम और न्यूनतम दोनों तापमान में गिरावट होगी, विशेषकर सुबह और देर शाम के समय ठंड अधिक महसूस की जाएगी। रात के तापमान में लगातार गिरावट होने से कई जिलों में न्यूनतम तापमान 7–10 डिग्री सेल्सियस के बीच पहुंच सकता है।
ठंड बढ़ने के साथ ही कोहरे ने भी प्रदेश के कई हिस्सों को अपनी चपेट में लेना शुरू कर दिया है। शनिवार,रविवार सुबह कई जिलों में घना कोहरा छाया रहा, जिससे दृश्यता काफी कम हो गई। मौसम विभाग की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार, बरेली में दृश्यता मात्र 50 मीटर दर्ज की गई, जिसे घना कोहरा माना जाता है। मुरादाबाद और प्रयागराज में दृश्यता 100 मीटर, यानी घना कोहरा। अलीगढ़, आगरा, कानपुर और अमेठी में मध्यम कोहरा। अयोध्या, कुशीनगर, वाराणसी, आजमगढ़ और गोरखपुर में हल्का कोहरा। वहीं राजधानी लखनऊ में सुबह दृश्यता 800 मीटर रही, यानी हल्का कोहरा। हालांकि दिन चढ़ने पर धूप निकलने से हालात में सुधार हुआ, लेकिन वातावरण में हल्की धुंध दिनभर बनी रही।
रेलवे विभाग ने भी यात्रियों को सलाह दी है कि सफर से पहले ट्रेन की स्थिति की जानकारी अवश्य लें, क्योंकि शीतलहर के बढ़ने के साथ ट्रेनें विलंबित हो सकती हैं।
गिरते तापमान से रबी की फसलें, विशेषकर आलू, मटर, चना और सरसों पर प्रभाव पड़ सकता है। मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है,सुबह के समय खेतों की सिंचाई से बचें क्योंकि पाला पड़ने की संभावना होती है। रात में फसलों के पास हल्का धुआं करने की व्यवस्था कर सकते हैं। नर्सरी और सब्जियों को पॉलीथिन कवर से ढकें। ठंडी हवाओं से संवेदनशील फसलों की रक्षा करें।
मौसम विभाग की भविष्यवाणी के अनुसार अगले 4–5 दिनों तक तापमान में 2–3°C की गिरावट जारी रहेगी। सुबह के समय हल्के से मध्यम कोहरे की संभावना है। कुछ जिलों में कोहरा घना हो सकता है। दिन में धूप रहने के बावजूद वातावरण में हल्की धुंध बनी रहेगी। प्रदेश के पहाड़ी क्षेत्रों से आने वाली ठंडी हवाओं के कारण शीतलहर की स्थिति बनने की संभावना भी है, खासकर पश्चिमी और मध्य उत्तर प्रदेश में।
राजधानी लखनऊ में न्यूनतम तापमान अगले कुछ दिनों में 2–3 डिग्री तक नीचे आ सकता है। शहर में सुबह और देर शाम बर्फीली हवा महसूस की जा रही है। मौसम विभाग के अनुसार, रात के समय हल्का कोहरा और दिन में धुंध का असर देखने को मिल सकता है। गिरते तापमान का असर स्वास्थ्य पर भी पड़ता है। विशेषज्ञों ने नागरिकों से कहा है कि सुबह और रात बाहर निकलते समय गर्म कपड़ों का प्रयोग करें। बुजुर्ग, बच्चे और अस्थमा रोगी विशेष सावधानी बरतें। गरम पेय पदार्थों का सेवन बढ़ाएं। हीटर का उपयोग करते समय कमरे का वेंटिलेशन खुला रखें।
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Updated on:
24 Nov 2025 12:02 pm
Published on:
24 Nov 2025 12:02 pm
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