
Forest Fire: अल्मोड़ा में चार वन कर्मचारियों की जिंदा जलकर मौत, जंगल की आग ने मचाई भारी तबाही
Forest Fire in Uttarakhand: उत्तराखंड में जंगलों की आग अब जानलेवा हो गई है। अल्मोड़ा जिले के बिनसर के जंगल में गुरुवार दोपहर को लगी आग बुझाने के लिए गए चार वन कर्मचारियों की जलकर मौत हो गई। आग इतनी भयानक थी कि उसकी चपेट में आने से चार अन्य वन कर्मचारी बुरी तरह झुलस गए हैं। झुलसे वन कर्मियों को रेस्क्यू कर अल्मोड़ा बेस अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार उत्तराखंड के अल्मोड़ा क्षेत्र स्थित बिनसर के जंगल में गुरुवार दोपहर भीषण आग लग गई। सूचना पर दोपहर करीब ढाई बजे आठ वन कर्मचारी आग बुझाने पहुंचे। सूत्रों का कहना है कि आग सड़क से नीचे लगी थी। इसके चलते टीम को आग बुझाने के लिए ढलान से नीचे जाना पड़ा। इसी दौरान आग ने विकराल रूप ले लिया। इस दौरान वन कर्मचारी पहाड़ पर तीखी चढ़ाई होने की वजह से ऊपर नहीं पहुंच सके और वे आग की चपेट में आ गए। इससे चार कर्मचारियों की जिंदा जलने से मौत हो गई।
बताया जा रहा है कि आग से बुरी तरह घिरे वन कर्मियों की मदद को चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मदद करने को दौड़ पड़े थे। ग्रामीणों ने कड़ी मेहनत के बाद जंगल की आग की लपटों में फंसे चार वनकर्मियों को बमुश्किल सुरक्षित बाहर निकाल। बुरी तरह से झुलसे वन कर्मियों को नजदीकि अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बेस में वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि चारों घायलों की स्थिति काफी गंभीर हैं। एक 80 प्रतिशत तक जला है, जबकि अन्य तीन भी 40 से 50 फीसदी जले हैं। इन्हें बेहतर उपचार के लिए हायर सेंटर रेफर किया जा रहा है।
जिले भर के जंगल वनाग्नि की चपेट में हैं। वन विभाग के जंगल हों या पंचायत के चारों ओर आग लगी हुई है। मंगलवार रात और बुधवार को जिले में 12 से अधिक वनाग्नि की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। वनाग्नि की घटना से स्यूरा पैस्यारी कोसी में वनाग्नि की चपेट में बाखली आ गई। वहीं रानीखेत में आग से झुलसे पेड़ गिरने से आवाजाही बाधित हो गई। पुलिस के मुताबिक मंगलवार रात करीब साढ़े दस बजे कोसी के जंगलों में लगी आग हवालबाग विकासखंड के स्यूरा पैस्यारी गांव तक पहुंच गई। जंगल की आग तेजी से रिहायसी इलाके की ओर बढ़ने लगी।
देखते ही देखते आग ने एक दो मजिला आवासीय मकान (बाखली) को अपनी चपेट में ले लिया। बाखली में धधकी आग को देख आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया। आग लगने की सूचना फायर सर्विस को दी गई। सूचना मिलते ही अग्निशमन अधिकारी महेश चंद्र के निर्देशन में फायर सर्विस टीम ने मौके पर पहुंच एमएफई से पंपिंग कर तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। तब तक बाखली में रखा सामान जलकर खाक हो गया। बताया जा रहा है कि मकान में रखा घरेलू सामान, लकड़ी, तख्ते, बल्ली आग की भेट चढ़ गए। टीम में उमेश सिंह, देवेंद्र गिरी, भुवन कुमार, कैलाश सिंह, कल्पना, लीला रहे।
संबंधित विषय:
Published on:
13 Jun 2024 08:16 pm
बड़ी खबरें
View Allलखनऊ
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
