
केके बिश्नोई और पत्नी अंशिका वर्मा (Instagram Photokrishanbishnoi.ips)
IPS KK Bishnoi: उत्तर प्रदेश के चर्चित IPS अफसर केके बिश्नोई का संभल से तबादला हो गया है। उन्हें बिजनौर का पुलिस कप्तान बनाया गया है। करीब 1 साल 11 महीने तक संभल में तैनात रहे केके बिश्नोई ने इस दौरान सख्त कार्रवाई और मजबूत कानून व्यवस्था को लेकर अपनी अलग पहचान बनाई। अब विदाई के दौरान 24 नवंबर 2024 की हिंसा का जिक्र आते ही वह भावुक हो गए और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। पास बैठे DM अंकित खंडेलवाल ने उन्हें पानी पिलाकर संभाला। इसके बाद उनकी IPS पत्नी अंशिका वर्मा ने भी सोशल मीडिया पर खास संदेश लिखकर उनके काम की तारीफ की।
विदाई के बाद उनकी पत्नी और बरेली में एसपी साउथ के पद पर तैनात IPS अधिकारी अंशिका वर्मा ने इंस्टाग्राम पर उनकी तस्वीर शेयर की। उन्होंने लिखा कि ऑलवेज प्राउड ऑफ यू, बेस्ट विशेज फॉर द नेक्स्ट असाइनमेंट उनका यह संदेश भी सोशल मीडिया पर चर्चा में रहा। अब केके बिश्नोई को बिजनौर का पुलिस कप्तान बनाया गया है। संभल में उनका कार्यकाल सख्त कार्रवाई के साथ सुरक्षा व्यवस्था को नए तरीके से मजबूत करने के लिए याद किया जा रहा है।
करीब 1 साल 11 महीने बाद शनिवार को बहजोई स्थित पुलिस लाइन में केके बिश्नोई के लिए विदाई समारोह आयोजित हुआ। DM अंकित खंडेलवाल समेत जिले के पुलिस अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। समारोह में जब विश्नोई ने 24 नवंबर 2024 की हिंसा के दौरान साथ खड़े रहे पुलिसकर्मियों को याद किया तो वह भावुक हो गए। उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। उन्हें भावुक देखकर DM अंकित खंडेलवाल भी खुद को नहीं रोक सके और उन्हें पानी पिलाकर संभाला।
संभल हिंसा के बाद पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती भविष्य में ऐसी स्थिति से निपटने की थी। फरार आरोपियों के पोस्टर जामा मस्जिद की दीवारों पर लगवाने से लेकर शारिक साठा गैंग पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई तक कई कदम उठाए गए। लेकिन कार्रवाई यहीं नहीं रुकी। जिले की सीमाओं पर 10 अलग-अलग बैरियर बनाए गए। कानून व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 39 नई पुलिस चौकियों का निर्माण भी किया गया। इन फैसलों ने संभल की पुलिस व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया।
संभल में हिंसा के बाद विवादित धर्म स्थल जामा मस्जिद के इलाके में सुरक्षा को लेकर खास इंतजाम किए गए। इसी इलाके में धर्मस्थल के सामने सत्यव्रत पुलिस चौकी बनाने का फैसला लिया गया। इसी चौकी से जुड़े इलाके में कंट्रोल रूम स्थापित किया गया। इसका मकसद सिर्फ पुलिस की मौजूदगी बढ़ाना नहीं था, बल्कि संवेदनशील इलाके पर लगातार नजर रखना भी था। चौकी और कंट्रोल रूम की व्यवस्था को भविष्य की कानून व्यवस्था की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया।
विश्नोई ने हिंसा पर नियंत्रण और उपद्रवियों पर कार्रवाई का श्रेय किसी एक अधिकारी को देने के बजाय पूरी संभल पुलिस की टीम को दिया। उन्होंने उस मुश्किल समय में कंधे से कंधा मिलाकर डटे रहने वाले थाना प्रभारियों और पुलिसकर्मियों का आभार जताया। विदाई के आखिरी पलों में उन्होंने कहा कि जहां रहेगा वहीं रौशनी लुटाएगा, किसी चराग का अपना मकां नहीं हो।
Updated on:
23 Aug 2026 10:43 am
Published on:
23 Aug 2026 10:43 am
