
लखनऊ. Uttar Pradesh Govt Set To Break Own Record For Wheat Procurement यूपी सरकार ने सरकारी गेहूं खरीद में एक नया कीर्तिमान रच दिया है। वर्ष 2018-19 में अपने ही रिकार्ड को तोड़ कर इस वर्ष 2021-22 में अब तक 54.25 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीद का नया रिकार्ड बनाया है। वर्ष 2018-19 में 52.92 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदा गया था। इसके साथ ही कोरोना काल की दिक्कतों को देखते हुए योगी सरकार ने गेहूं खरीद की अंतिम तिथि एक सप्ताह बढ़ाकर 22 जून कर दिया है। वैसे अब तक अंतिम तिथि 15 जून थी।
10,714 करोड़ रुपए का भुगतान :- कृषि मंत्री सूर्यप्रताप शाही ने बताया कि, न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 1975 रुपए प्रति कुंटल की दर से इतना गेहूं कभी नहीं खरीदा गया। मौसम प्रतिकूल होने के बावजूद सरकार ने किसानों को उचित मूल्य दिलाने का वादा पूरा करने के लिए गेहूं खरीद की अंतिम तिथि 15 जून को बढ़ाकर 22 जून किया है। गत एक अप्रैल से सक्रिय प्रदेश में कुल 5678 क्रय केंद्रों पर अब तक 12,30,024 किसानों से गेहूं खरीद कर उनके खातों में 10,714 करोड़ रुपए का भुगतान किया जा चुका है।
5,66,214 किसान लाभान्वित :- खाद्य आयुक्त मनीष चौहान ने बताया कि, अब तक का सर्वाधिक गेहूं वर्ष 2018-19 में 52.92 लाख मीट्रिक टन खरीदा गया था। वर्ष 2019-20 में 37.04 लाख टन, गत वर्ष 2020-21 में 6,63,810 किसानों से 35.76 लाख मीट्रिक टन गेहूंं खरीदा गया था। पिछले साल की तुलना में 18.49 लाख मीट्रिक टन अधिक खरीद की गई है। साथ ही 5,66,214 ज्यादा किसानों को लाभान्वित किया गया है।
रिकार्ड किसानों ने कराया आनलाइन पंजीकरण :- खाद्य आयुक्त चौहान ने बताया कि इस बार रिकार्ड 16,10,637 किसानों ने आनलाइन पंजीकरण कराया, जबकि गतवर्ष 7,94,484 किसानों ने ही पंजीकरण कराया था।
खाद्यान्न वितरण की तारीख बढ़ी :- प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत खाद्यान्न वितरण की तिथि बढ़ाकर 17 जून कर दी गई है। अपर आयुक्त खाद्य अनिल कुमार दुबे ने बताया कि इस अवधि में आधार कार्ड आधारित खाद्यान्न का वितरण किया जाएगा। मोबाइल ओटीपी वेरिफिकेशन के माध्यम से वितरण की तिथि पूर्व निर्धारित 15 जून ही रहेगी। 17 जून तक कार्डधारक पोर्टेबिलिटी से खाद्यान्न ले सकेंगे।
Published on:
16 Jun 2021 01:26 pm
बड़ी खबरें
View Allलखनऊ
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
