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‘काव्यक्षेत्रे’ में लगा कवियों का जमावड़ा, ‘एक ही कंटाप’ ने बटोरी सुर्खियां

बालनिकुंज बालिका इंटर कालेज के सभागार में साहित्यिक संस्था 'काव्यक्षेत्रे' का आयोजिन किया गया

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'काव्यक्षेत्रे' में लगा कवियों का जमावड़ा, 'एक ही कंटाप' ने बटोरी सुर्खियां

लखनऊ. मोहिबुल्लापुर के श्रीनगर स्थित बालनिकुंज बालिका इंटर कालेज के सभागार में आयोजित साहित्यिक संस्था 'काव्यक्षेत्रे' कार्यक्रम में आयोजित मासिक काव्य गोष्ठी का वृहद् आयोजन हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता 'सुंदरम साहित्यिक संस्थान' के अध्यक्ष वरिष्ठ साहित्यकार नरेन्द्र भूषण ने की। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि व विशिष्ट अथिति प्रमोद द्विवेदी 'प्रमोद' और मंजुल मंज़र लखनवी रहे। वहीं कार्यक्रम का संचालन हरि मोहन वाजपेयी माधव ने किया।

इन रचनाओं को दर्शकों ने किया पसंद

इस अवसर पर बाल निकुंज विद्यालय के वरिष्ठ प्रबंधक हृदय जायसवाल और प्रिंसिपल क्रांति मिश्रा भी मौजूद रहीं। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और प्रमोद द्विवेदी की मां वीणापाणि की वंदना के साथ हुआ। वरिष्ठ साहित्यकार नरेंद्र भूषण, प्रमोद द्विवेदी, मंजुल मिश्र 'मंज़र', संस्था के महासचिव राजेंद्र कात्यायन, केपी त्रिपाठी 'पुंज', अशोक शुक्ल 'अनजान', कवयित्री लक्ष्मी मिश्रा,मृगांक कुमार श्रीवास्तव, हर्ष मिश्र व रतीन्द्र शुक्ल सहित दर्जन भर कवियों ने काव्य की रसधार बहाई। इस दौरान मंजुल मंज़र की गज़ल 'एक ही कंटाप' को लोगों ने खूब पसंद किया। राजेंद्र कात्यायन की रचना 'यू सेल्फी लेवै का लफड़ा हमरी समझ मा नाइ आवा, याक फोटू ले कै चक्कर मा चार कोने का मुंह बनावा' ने खूब तालियां बटोरीं।